ओडिशा विधानसभा का शीतकालीन सत्र कोविड-19 प्रतिबंध के बिना शुरू
ओडिशा विधानसभा का शीतकालीन सत्र गुरुवार को शुरू हो गया है और यह 31 दिसंबर तक चलेगा
भुवनेश्वर। ओडिशा विधानसभा का शीतकालीन सत्र गुरुवार को शुरू हो गया है और यह 31 दिसंबर तक चलेगा। यह सत्र कोविड-19 प्रतिबंध के बिना शुरू किया गया है। कार्यक्रम के अनुसार, सदन की कार्यवाही सुबह 11 बजे शुरू हुई। कार्यवाही से पहले सदन में मृतक विधायक -- बिजय रंजन सिंह बरिहा, बिष्णु चरण सेठी और पूर्व सदस्य -- गोलक बिहारी नाइक, कपिल नारायण तिवारी, गोपनारायण दास और आदिकंडा सेठी को श्रद्धांजलि दी गई।
ओडिशा के सीएम नवीन पटनायक ने सदन में शोक प्रस्ताव रखा, जिसका समर्थन विपक्ष के नेता जयनारायण मिश्रा, कांग्रेस विधायक दल के नेता नरसिंह मिश्रा, माकपा विधायक लक्ष्मण मुंडा और विधानसभा अध्यक्ष बीके रुखा ने किया। दिवंगत नेताओं के सम्मान में सदन में एक मिनट का मौन भी रखा गया। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष ने कार्यवाही शाम पांच बजे तक के लिए स्थगित कर दी।
रिपोर्ट के अनुसार, पिछले सत्र तक कोविड-19 महामारी के प्रकोप के बाद से विधानसभा में कोविड प्रतिबंधों के तहत कार्य किया जाता रहा है। विधायक जिला मुख्यालय और राज्य सचिवालय की विभिन्न गैलरीज से सदन की कार्यवाही में हिस्सा ले रहे थे। वहीं सीएम नवीन पटनायक भी सदन में वर्चुअली शिरकत कर रहे थे।
इस सत्र में सदस्य अपनी-अपनी कुर्सियों पर बैठे लेकिन विधानसभा स्पीकर ने प्रफुल्ल मल्लिक और विधायक प्रफुल्ल सामल को उनके स्वास्थ्य के आधार पर वर्चुअल रूप से सदन की कार्यवाही में शामिल होने की अनुमति दी है। मुख्यमंत्री खुद विधानसभा में उपस्थित रहे।
सत्र के पहले दिन सदन में कम उपस्थिति देखी गई क्योंकि सत्तारूढ़ बीजेडी के करीब आधे सदस्य अनुपस्थित रहे। सूत्रों ने कहा कि सत्तारूढ़ दल के कई सदस्य 5 दिसंबर को पदमपुर में होने वाले उपचुनाव में व्यस्त हैं। तय कार्यक्रम के मुताबिक, वित्त वर्ष 2022-23 का अनुपूरक बजट सत्र के सेकेंड हाफ में सदन के समक्ष पेश किया जाएगा।