दिल्ली-NCR में फिर बरसे बदरा, झमाझम बारिश से मौसम सुहाना; कई इलाकों में जलभराव और जाम
दिल्ली-NCR में शुक्रवार के बाद शनिवार सुबह भी तेज बारिश हुई। बारिश से मौसम सुहाना हुआ, लेकिन दिल्ली एयरपोर्ट और नोएडा समेत कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक की समस्या रही।;
जन्माष्टमी के दिन शुक्रवार को हुई तेज बारिश ने दिल्लीवासियों को उमस और गर्मी से राहत दी थी। इसके बाद शनिवार सुबह हुई बारिश ने मौसम को और सुहाना बना दिया। हालांकि, जल निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने वाले इलाकों में पानी जमा होने से वाहन चालकों और राहगीरों को दिक्कत हुई।
दिल्ली एयरपोर्ट पर बारिश ने बढ़ाई यात्रियों की परेशानी
शुक्रवार की भारी बारिश का सबसे ज्यादा असर दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर भी देखने को मिला। पालम इलाके में 75.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज होने के बाद टर्मिनल-2 और टर्मिनल-3 के फोरकोर्ट में पानी भर गया। टर्मिनल-3 के बाहर स्थिति इतनी खराब हो गई कि पानी मुख्य भवन के गेट तक पहुंच गया।
फोरकोर्ट में करीब एक फुट तक पानी जमा होने से यात्रियों की आवाजाही प्रभावित हुई। जलभराव के कारण कुछ समय के लिए यात्रियों को एयरसाइड जाने से भी रोका गया। कई यात्रियों को पानी के बीच से होकर गुजरना पड़ा।
11 उड़ानें डायवर्ट, करीब 400 फ्लाइट प्रभावित
भारी बारिश का असर विमान संचालन पर भी पड़ा। दिल्ली आने वाली 11 उड़ानों को दूसरे एयरपोर्ट की ओर डायवर्ट करना पड़ा, जबकि करीब 400 उड़ानें देरी से संचालित हुईं। रिपोर्ट के मुताबिक, आगमन की लगभग 60 फीसदी और प्रस्थान की करीब 90 फीसदी उड़ानें प्रभावित हुईं। यात्रियों को 40 मिनट से लेकर करीब एक घंटे तक इंतजार करना पड़ा।
शुक्रवार को दोपहर करीब ढाई बजे शुरू हुई बारिश लगभग दो घंटे तक तेज रही। महज आधे घंटे के भीतर टर्मिनल-3 के फोरकोर्ट में पानी जमा होने लगा था।
नोएडा में भी कई जगह जलभराव
नोएडा में शुक्रवार दोपहर बाद हुई बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी। सेक्टर-73 सर्फाबाद में यदु पब्लिक स्कूल और इंडोर स्टेडियम के आसपास सड़क पर पानी जमा रहा। सेक्टर-49 के बरौला इलाके में भी जलभराव और कीचड़ की समस्या सामने आई।
नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर सेक्टर-148 अंडरपास में कुछ समय के लिए पानी भर गया। वहीं सेक्टर-62 में खोड़ा और नोएडा को जोड़ने वाली सड़क पर जलभराव के कारण वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित हुई। गांवों को जोड़ने वाली और अंदरूनी सड़कों पर जल निकासी की समस्या के कारण लोगों को ज्यादा परेशानी उठानी पड़ी।