सीएम भगवंत मान का आरोप: दिल्ली एयरपोर्ट पर दो घंटे बैठाकर रखा, कस्टम अधिकारी पर बदले की कार्रवाई का दावा
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने दिल्ली एयरपोर्ट पर रोके जाने को लेकर केंद्र पर निशाना साधा है। उन्होंने कस्टम अधिकारियों पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के भाई से जुड़ा दावा किया।;
कस्टम अधिकारी और मुख्य चुनाव आयुक्त के भाई को लेकर दावा
भगवंत मान ने आरोप लगाया कि कस्टम विभाग के प्रमुख अधिकारी मनीष, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के सगे भाई हैं। मान का दावा है कि इसी संबंध के चलते उन्हें मौका मिलने पर निशाना बनाया गया। हालांकि, इस रिश्ते और कथित बदले की कार्रवाई को लेकर उनके आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं हुई है। संबंधित अधिकारियों का पक्ष सामने आने के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एयरपोर्ट पर उनके सामान की जांच की गई, लेकिन जांच के दौरान कुछ भी नहीं मिला। उन्होंने इस कार्रवाई के तरीके पर सवाल उठाते हुए इसे अनावश्यक रूप से परेशान करने वाला व्यवहार बताया।
पेरिस से लौटने के बाद रोके जाने का विवाद
इससे पहले आम आदमी पार्टी ने दावा किया था कि पेरिस से लौटने के बाद भगवंत मान को दिल्ली एयरपोर्ट पर जानबूझकर करीब तीन घंटे तक रोका गया। पार्टी की ओर से यह भी आरोप लगाया गया था कि बाद में उन पर 50 हजार रुपये का चालान लगाया गया। हालांकि, चालान किस कारण काटा गया और कार्रवाई के पीछे आधिकारिक आधार क्या था, इस बारे में उपलब्ध बयान में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई।
इस मामले को लेकर आप नेताओं ने केंद्र सरकार पर राजनीतिक दुर्भावना से काम करने का आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि मुख्यमंत्री के साथ किया गया व्यवहार पंजाब के सम्मान से जुड़ा मुद्दा है।
आप ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
आप पंजाब के मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने आरोप लगाया था कि भाजपा की केंद्र सरकार पंजाब के साथ लगातार भेदभाव कर रही है। उन्होंने किसानों के आंदोलन, राज्य के लिए लंबित फंड और मुख्यमंत्री की विदेश यात्राओं की अनुमति को लेकर भी सवाल उठाए।
पन्नू का दावा था कि मुख्यमंत्री को कई बार विदेश जाने की अनुमति नहीं दी गई। उनके मुताबिक, विदेश यात्राओं से निवेश और आर्थिक अवसर जुटाने की संभावनाएं प्रभावित होती हैं। इन आरोपों पर केंद्र सरकार की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना जरूरी है।
विवाद पर आधिकारिक जवाब का इंतजार
दिल्ली एयरपोर्ट पर हुई कार्रवाई को लेकर अब राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। एक ओर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इसे प्रताड़ना बताया है, वहीं दूसरी ओर जांच, चालान और संबंधित अधिकारियों की भूमिका को लेकर आधिकारिक तथ्यों का सामने आना महत्वपूर्ण है। फिलहाल, मामले में लगाए गए आरोपों और संबंधित विभाग के पक्ष के आधार पर ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।