Top
Begin typing your search above and press return to search.

'राहुल के खिलाफ तुरंत एफआईआर, खड़गे के पत्र पर एक्शन नहीं', कांग्रेस ने लगाए आरोप

कांग्रेस सांसद कुमारी सैलजा ने कथित 'शुद्धिकरण' मामला, राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर और स्वतंत्र भारद्वाज पर कार्रवाई को लेकर केंद्र और भाजपा पर निशाना साधा

राहुल के खिलाफ तुरंत एफआईआर, खड़गे के पत्र पर एक्शन नहीं, कांग्रेस ने लगाए आरोप
X

नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद कुमारी सैलजा ने कथित 'शुद्धिकरण' मामला, राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर और स्वतंत्र भारद्वाज पर कार्रवाई को लेकर केंद्र और भाजपा पर निशाना साधा। वहीं, कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी की आगामी किताब के प्रकाशन को लेकर कथित दबाव और शिक्षक दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स दौरे पर प्रतिक्रिया दी।

'शुद्धिकरण' मामले को लेकर जीरो एफआईआर दर्ज होने और मुख्यमंत्री आवास के बाहर प्रस्तावित प्रदर्शन की तैयारी पर कुमारी सैलजा ने कहा कि कांग्रेस उत्तराखंड के देहरादून में प्रदर्शन करेगी। राहुल गांधी के खिलाफ भी एफआईआर का मामला है और पार्टी लोगों के बीच जाकर इन मुद्दों को उठाएगी। राहुल गांधी के खिलाफ बहुत तेजी से एफआईआर दर्ज की गई, जबकि राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे की ओर से पत्र लिखे जाने के बावजूद संबंधित मामले में अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। सरकार की कार्रवाई चयनात्मक है।

कांग्रेस सांसद ने दावा किया कि उत्तराखंड के लोग इस पूरे मामले से नाराज हैं और भाजपा पर अपनी विचारधारा लोगों पर थोपने के प्रयास का आरोप लगाया।

स्वतंत्र भारद्वाज की गिरफ्तारी पर कुमारी सैलजा ने सवाल उठाते हुए कहा कि जब मामले से संबंधित बातें पहले से सामने थीं, तो कार्रवाई करने में इतना समय क्यों लगा। सरकार की कार्रवाई निष्पक्ष नहीं दिखाई देती। कम से कम लोगों को यह विश्वास तो होना चाहिए कि कानून सभी के लिए समान है और सरकार न्याय के साथ खड़ी है। कार्रवाई में देरी से सरकार की निष्पक्षता को लेकर सवाल उठते हैं।

स्वतंत्र भारद्वाज की रिहाई की मांग को लेकर हिंदू संगठनों के प्रदर्शन पर सैलजा ने भाजपा और आरएसएस की विचारधारा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ऐसी कट्टर ताकतों को बढ़ावा दिया जा रहा है और सवाल किया कि समाज को किस हद तक बांटने की कोशिश की जाएगी।

सोनिया गांधी की आने वाली किताब को लेकर कुमारी सैलजा ने कहा कि उनकी गरिमा और सार्वजनिक छवि से सभी परिचित हैं। सोनिया गांधी जो भी कहेंगी, पूरी ईमानदारी और सच्चाई के साथ कहेंगी।

सोनिया गांधी की आने वाली किताब को लेकर सचिन पायलट ने कहा कि सामने आई चर्चाओं से उन्हें लगता है कि प्रकाशन कंपनी पर किताब प्रकाशित नहीं करने के लिए किसी तरह का दबाव रहा होगा। सोनिया गांधी की राजनीतिक और व्यक्तिगत यात्रा अपने आप में महत्वपूर्ण है। सोनिया गांधी ने भारत में आकर देश और कांग्रेस के लिए लंबा योगदान दिया तथा राजनीतिक जीवन में कई त्याग किए। यदि किसी प्रकाशक को दबाव डालकर किताब प्रकाशित करने से रोका गया, तो यह गंभीर विषय है।

उन्होंने कहा कि देश में ऐतिहासिक और तथ्यात्मक घटनाओं को सामने रखने की स्वतंत्रता होनी चाहिए। दूसरी प्रकाशन कंपनी द्वारा किताब प्रकाशित किए जाने की खबर से उन्हें खुशी है और वे इसके आने का इंतजार कर रहे हैं।

शिक्षक दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स जाकर छात्रों और शिक्षकों से संवाद करने के कार्यक्रम पर सचिन पायलट ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को इतने वर्षों तक सत्ता में रहने के बाद अब छात्रों और शिक्षकों की चिंता इसलिए हुई है क्योंकि नई पीढ़ी में सरकार को लेकर नाराजगी बढ़ी है। पेपर लीक और परीक्षाओं से जुड़ी अव्यवस्थाओं से भाजपा सरकार की छात्र, युवा और रोजगार विरोधी छवि बनी है। सरकार शायद इस धारणा को बदलने की कोशिश कर रही है, लेकिन इसमें काफी देर हो चुकी है।

पायलट ने कुछ प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित तकनीकी और प्रशासनिक दिक्कतों का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि सरकार परीक्षा आयोजित कराने, परिणाम समय पर देने और युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने में विफल रहती है, तो उसे जवाबदेही तय करनी चाहिए। उन्होंने छात्र आंदोलनों से निपटने के सरकार के तरीके पर भी सवाल उठाया और आरोप लगाया कि आंदोलन कर रहे युवाओं के खिलाफ बल प्रयोग किया गया। पायलट ने बिहार के छात्र आंदोलन का भी जिक्र करते हुए केंद्र सरकार से इन घटनाओं को लेकर जवाब देने की मांग की।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it