सिलेंडर ब्लास्ट से अफरा-तफरी – धमाकों की आवाज से दहशत
- दमकल विभाग की जद्दोजहद – कई गाड़ियां मौके पर तैनात
- प्रत्यक्षदर्शियों का बयान – धुएं का गुबार और तेज धमाके
- प्रशासन की सख्त निगरानी – जांच रिपोर्ट से सामने आएगा कारण
ग्रेटर नोएडा। शुक्रवार रात करीब 10 बजे शाहबेरी गांव स्थित फर्नीचर मार्केट में अचानक भीषण आग लग गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग पहले एक दुकान में भड़की और देखते ही देखते आसपास की दुकानों को अपनी चपेट में ले लिया। तेज लपटों और धुएं के गुबार से पूरा इलाका दहशत में आ गया।
दमकल विभाग की त्वरित कार्रवाई
- आग की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की लगभग 32 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं।
- संकरी गलियों और भीड़भाड़ वाले इलाके के कारण आग बुझाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
- करीब 40 मिनट की कड़ी मेहनत के बाद आग पर काबू पा लिया गया।
पुलिस और प्रशासन की भूमिका
बिसरख कोतवाली पुलिस ने तुरंत इलाके को खाली कराया और ट्रैफिक को डायवर्ट किया। ग्रेनो वेस्ट से क्रॉसिंग रिपब्लिक जाने वाला मार्ग लगभग एक घंटे तक बंद रहा, जिससे लंबा जाम लग गया। पुलिस और फायर ब्रिगेड ने मिलकर ग्रीन कॉरिडोर बनाया ताकि दमकल की गाड़ियां तेजी से पहुंच सकें।
आग का कारण और नुकसान
- प्राथमिक जांच में शॉर्ट सर्किट को आग लगने की वजह बताया जा रहा है।
- कुल 8 दुकानें जलकर खाक हो गईं, जिनमें से 2 प्लास्टिक की दुकानें भी शामिल थीं।
- गनीमत रही कि इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई।
अवैध बाजार पर सवाल
शाहबेरी का यह फर्नीचर बाजार पूरी तरह से अवैध बताया जा रहा है। प्राधिकरण ने कई बार कार्रवाई की, लेकिन हर बार यहां अस्थायी बाजार फिर से खड़ा हो जाता है। लकड़ी और टीन शेड से बनी दुकानों में बिजली के असुरक्षित कनेक्शन होने के कारण खतरा हमेशा बना रहता है।
सीएफओ प्रदीप कुमार का बयान
सीएफओ प्रदीप कुमार ने बताया कि आग की सूचना रात 10:15 बजे मिली थी। शुरुआत में ही बड़ी आग की संभावना जताई गई थी, इसलिए पुलिस, ट्रैफिक और फायर ब्रिगेड ने संयुक्त योजना बनाई। लगभग 40 मिनट की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया और अब ‘कूलिंग-डाउन’ प्रक्रिया जारी है।