नायडू ने तेदेपा नेताओं पर हमले में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की

तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एन. चंद्रबाबू नायडू ने मंगलवार को पुलिस महानिदेशक गौतम सवांग से आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिला के कुप्पम विधानसभा क्षेत्र में उनकी पार्टी के नेताओं पर क्रूर हमले में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आग्रह किया

Update: 2022-01-11 23:10 GMT

अमरावती। तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एन. चंद्रबाबू नायडू ने मंगलवार को पुलिस महानिदेशक गौतम सवांग से आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिला के कुप्पम विधानसभा क्षेत्र में उनकी पार्टी के नेताओं पर क्रूर हमले में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आग्रह किया। आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री नायडू ने डीजीपी को लिखे पत्र में लोकतंत्र में लोगों के विश्वास को बहाल करने के लिए कानून-व्यवस्था बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) के गुर्गे विपक्षी तेदेपा नेताओं को निशाना बना रहे हैं, लेकिन वहां पुलिस की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

नायडू, (जो कुप्पम निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं), ने लिखा, "10 जनवरी, 2022 को कुप्पम में टीडीपी नेताओं पर वाईएसआरसीपी के गुर्गों द्वारा क्रूर हमले के बारे में यह मेरे संज्ञान में लाया गया है। कुप्पम शहर में वाईएसआरसीपी के गुंडों द्वारा दो टीडीपी नेताओं, लोकेश और सरवन पर दिन के उजाले में हमला किया गया था। न केवल उन पर हमला किया गया, बल्कि उनमें से एक लोकेश को भी इलाज के लिए अस्पताल जाने से रोका गया।"

विपक्ष के नेता ने डीजीपी से कहा, "इस तरह के क्रूर हमले वाईएसआरसीपी के गुर्गों द्वारा केवल टीडीपी नेताओं को अवैध खनन के मुद्दों को उठाने से रोकने के लिए किए गए थे।"

इस बीच, टीडीपी ने मंगलवार को राज्यभर में विरोध प्रदर्शन किया, जिसमें मांग की गई कि वाईएसआरसीपी सरकार आवश्यक वस्तुओं की कीमतें कम करे।

पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने रैलियां निकालीं और मांग की कि सरकार संक्रांति उत्सव से पहले आवश्यक वस्तुओं, पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमतों को कम करे।

तेदेपा महासचिव पंचुमर्थी अनुराधा ने कहा कि राज्य के गरीब लोग आसमान छूती कीमतों को देखते हुए संक्रांति नहीं मना पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि वाईएसआरसीपी नेता दागी पैसों से दावतों और मनोरंजन का आनंद ले रहे हैं, लेकिन आम लोगों की भूख की परवाह नहीं कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री वाई.एस. जगन मोहन रेड्डी अभी भी इस बारे में कोई ठोस जवाब देने में असमर्थ हैं कि अन्ना कैंटीन क्यों बंद हैं। ये कैटीन तेदेपा शासन के दौरान सिर्फ 5 रुपये में भोजन उपलब्ध करा रही थीं।

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