पंजाब चुनाव: AAP ने जारी की 40 उम्मीदवारों की पहली लिस्ट, धुरी से लड़ेंगे भगवंत मान; जेल में बंद मंत्री को भी टिकट
AAP ने पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की। भगवंत मान धुरी से और जेल में बंद मंत्री संजीव अरोड़ा लुधियाना वेस्ट से चुनाव लड़ेंगे।;
नई दिल्ली। पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपना चुनावी अभियान तेज कर दिया है। पार्टी ने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी करते हुए 40 विधानसभा सीटों पर प्रत्याशियों के नाम घोषित किए हैं। इस सूची में मुख्यमंत्री भगवंत मान, कई कैबिनेट मंत्रियों और मौजूदा विधायकों को जगह मिली है। पार्टी ने ज्यादातर मौजूदा विधायकों पर दोबारा भरोसा जताया है।
पंजाब विधानसभा में कुल 117 सीटें हैं। ऐसे में पहली सूची के जरिए आम आदमी पार्टी ने चुनाव से पहले ही 40 सीटों पर अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है। पार्टी की इस घोषणा को आगामी चुनाव की रणनीति के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
धुरी सीट से चुनाव लड़ेंगे मुख्यमंत्री भगवंत मान
आम आदमी पार्टी की पहली सूची में मुख्यमंत्री भगवंत मान का नाम प्रमुखता से शामिल है। वह संगरूर जिले की धुरी विधानसभा सीट से चुनाव लड़ेंगे। भगवंत मान ने 2022 के विधानसभा चुनाव में भी इसी सीट से जीत दर्ज की थी। उस चुनाव में उन्होंने कांग्रेस उम्मीदवार दलवीर सिंह गोल्डी को हराया था।
पार्टी ने एक बार फिर धुरी सीट से उन्हें उम्मीदवार बनाकर अपने मौजूदा नेतृत्व पर भरोसा जताया है। भगवंत मान पंजाब में पार्टी का प्रमुख चेहरा हैं और चुनाव में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण रहने वाली है।
जेल में बंद मंत्री संजीव अरोड़ा को भी मिला टिकट
पहली सूची में सबसे ज्यादा चर्चा मंत्री संजीव अरोड़ा के नाम को लेकर हो रही है। पार्टी ने उन्हें लुधियाना वेस्ट विधानसभा सीट से दोबारा उम्मीदवार बनाया है। स्रोत के मुताबिक, वह फिलहाल जेल में बंद हैं। इसके बावजूद पार्टी ने उन पर भरोसा जताया है।
इसके अलावा अजनाला सीट से विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल, तरनतारन से हरमीत सिंह संधू और एसएएस नगर से कुलवंत सिंह को उम्मीदवार बनाया गया है। सूची में कुल 37 मौजूदा विधायकों को दोबारा टिकट दिए जाने की बात कही गई है।
2022 में AAP ने हासिल किया था प्रचंड बहुमत
पंजाब के पिछले विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने शानदार प्रदर्शन किया था। राज्य की 117 सीटों में से पार्टी ने 92 सीटों पर जीत दर्ज की थी। सरकार बनाने के लिए 59 सीटों की जरूरत थी, लेकिन AAP ने इससे कहीं अधिक सीटें हासिल कर स्पष्ट बहुमत प्राप्त किया था।
अब आगामी चुनाव में पार्टी के सामने अपने पिछले प्रदर्शन को दोहराने की चुनौती होगी। पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनाव फरवरी के आसपास होने की संभावना जताई जा रही है। उम्मीदवारों की पहली सूची जारी होने के बाद राज्य की राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की उम्मीद है।