जातिगत समीकरण में उलझ सकता है चित्रकोट उपचुनाव

छत्तीसगढ़ में चित्रकोट विधानसभा उपचुनाव जातिगत समीकरण में उलझ सकता है।;

Update: 2019-10-01 13:49 GMT

जगदलपुर । छत्तीसगढ़ में चित्रकोट विधानसभा उपचुनाव जातिगत समीकरण में उलझ सकता है।

नामांकन दाखिल करने वालों में कांग्रेस प्रत्याशी राजमन बेंजाम सहित चार उम्मीद्वार लखेश्वर कवासी, बोमड़ाराम और हिड़मोराम माड़िया और भाजपा प्रत्याशी लच्छूराम कश्यप सहित अभय कुमार कच्छ, रितिका कर्मा मुरिया जनजाति के हैं। दो अन्य उम्मीद्वारों में धरमूराम कश्यप धुरवा और खिलेश तेता गोंड जनजाति से हैं।

चित्रकोट विधानसभा क्षेत्र बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा, दरभा, तोकापाल, बास्तानार और सुकमा जिले के छिंदगढ़ ब्लाक में विस्तारित हैं। विधानसभा क्षेत्र में माड़िया और मुरिया जनजाति की आबादी सबसे अधिक है। विधानसभा क्षेत्र में हमेशा से ही जातिगत समीकरण चुनावों में हावी रहता आया है।

इस उपचुनाव में जातिगत समीकरण क्या गुल खिलाएगा यह 24 अक्टूबर को परिणाम बताएगा। विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं की संख्या एक लाख 67 हजार 772 है। जिनमें 70 फीसदी इन्हीं दो जनजाति के मतदाता हैं। कहा जा रहा है कि कांग्रेस और भाजपा ने जातिगत समीकरण को देखकर ही अपने प्रत्याशी तय किए हैं। देखनें की बात होगी कि एक ही जनजाति के तीन-तीन, चार-चार उम्मीद्वारों में अंतिम समय तक चुनाव मैदान में कौन डटा रहता है।

नामवापसी के बाद चुनाव लड़ने वालों की अंतिम तस्वीर साफ होने के बाद कौन कितना वोट बटोरेगा यह देखना भी दिलचस्प होगा। नामांकन दाखिल करने वालों में कांग्रेस प्रत्याशी राजमन सहित तीन उम्मीद्वार बास्तानार, भाजपा प्रत्याशी लच्छूराम कश्यप सहित दो लोहंडीगुड़ा, एक-एक दरभा और जगदलपुर तथा एक अभ्यर्थी कांकेर ब्लाक का है। नामांकन दाखिल करने वालों में एक खिलेश तेता को छोड़कर अन्य आठ उम्मीदवार बस्तर जिले के निवासी हैं। खिलेश तेता कांकेर जिले के परसोदा के निवासी हैं और ऐसा पहली बार हुआ है जब बस्तर जिले की किसी विधानसभा सीट में नामांकन दूसरे जिले के व्यक्ति द्वारा किया गया है। नामांकन दाखिल करने वालों में छह चित्रकोट विधानसभा के रहने वाले हैं जबकि रितिका और खितेश विधानसभा क्षेत्र के बाहर के निवासी हैं।

Full View

Tags:    

Similar News