एनआरसी के लिये केंद्र ने कोई पहल नहीं की :राजनाथ

अपने संसदीय क्षेत्र लखनऊ आये रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आज साफ किया कि केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय नागरिकता पंजी (एनआरसी) को लेकर कोई पहल नहीं की

Update: 2020-01-05 16:12 GMT

लखनऊ । अपने संसदीय क्षेत्र लखनऊ आये रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने आज साफ किया कि केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय नागरिकता पंजी (एनआरसी) को लेकर कोई पहल नहीं की है और उच्चतम न्यायालय के आदेश के तहत इसे केवल असम में अंजाम दिया जा रहा है ।

उन्होंने कहा कि इस मामले को विपक्ष वेबजह तूल दे रहा है और लोगों के बीच भ्रम फैला रहा है । उन्होंने कहा कि एनआरसी का काम सिर्फ असम में किया जा रहा है और कुछ हद तक यह पूरा भी हो चुका है। वहां यह काम उच्चतम न्यायालय के आदेश पर हो रहा है। सरकार ने इस सिलसिले में कोई पहल नहीं की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इससे पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं।

संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के प्रति समर्थन जुटाने के लिए आये राजनाथ ने कहा कि उनकी पार्टी ने लोगों को यह संदेश देने का फैसला किया है कि वे सीएए के बारे में कोई भ्रम न पालें।उन्होंने कहा कि कांग्रेस और विपक्ष की अन्य पार्टियां इस मामले में झूठ और भ्रम फैला कर हिंसा फैला रही हैं । यह कानून नागरिकता लेने का नहीं बल्कि पाकिस्तान,बांग्लादेश और अफगानिस्तान में धार्मिक रूप से प्रताड़ित किये गये हिंदू,सिख,जैन,बौद्ध और इसाईयों को नागरिकता देने का है जबकि विपक्ष मुस्लिमों के बीच यह झूठ फैला रहा है कि इससे उनकी नागरिकता चली जायेगी ।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्रह नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री यह साफ कह चुके हैं कि इससे देश के मुसलमानों को कोई खतरा नहीं लिहाजा वो बहकावे में नहीं आयें । रक्षा मंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति ने हमेशा सर्वधर्म समभाव सिखाया है और किसी भी हिंदुस्तानी के साथ जाति और धर्म के आधार पर भेदभाव नहीं किया जा सकता।

नागरिकता संशोधन कानून :सीएए: के बारे में लोगों को जानकारी देने आये श्री सिंह ने कानून के बारे में जानकारी देने के पर्चे भी बांटे और मीडिया तथा पार्टी कार्यकर्ताओं से उन्हें पढ़ने की गुजारिश की।उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता घर घर जायें और लोगों को इसकी जानकारी दें । उन्होंने खासकर मुस्लिम बहुल इलाकों में कार्यकर्ताओं को जाने का अहवान किया और कहा कि इससे उनके भ्रम को दूर करने में सहायता मिलेगी ।

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