'महाराष्ट्र में जंगलराज'... संजय राउत की बड़ी मांग, बोले- अब राष्ट्रपति शासन ही आखिरी रास्ता
शिवसेना (उद्धव ठाकरे) के सांसद संजय राउत ने सोमवार को महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग करते हुए आरोप लगाया कि बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की गाड़ी को निशाना बनाकर की गई हालिया गोलीबारी सहित कई चर्चित आपराधिक घटनाओं के बाद राज्य सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल रही है

टाइगर श्रॉफ फायरिंग से गरमाई सियासत, संजय राउत ने फडणवीस सरकार पर बोला हमला
- महाराष्ट्र में कानून-व्यवस्था फेल? संजय राउत ने राष्ट्रपति शासन लगाने की उठाई मांग
- सलमान से टाइगर तक... घटनाओं का जिक्र कर राउत बोले- महाराष्ट्र में कोई सुरक्षित नहीं
मुंबई। शिवसेना (उद्धव ठाकरे) के सांसद संजय राउत ने सोमवार को महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग करते हुए आरोप लगाया कि बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की गाड़ी को निशाना बनाकर की गई हालिया गोलीबारी सहित कई चर्चित आपराधिक घटनाओं के बाद राज्य सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल रही है।
श्री राउत ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि मुंबई, ठाणे, पुणे, नासिक और नागपुर सहित प्रमुख शहरों में 'जंगलराज' कायम है। उन्होंने पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या, अभिनेता सलमान खान को निशाना बनाकर की गई गोलीबारी की घटनाओं, ठाणे में स्थानीय नेता प्रदीप पूर्णेकर की हालिया हत्या और टाइगर श्रॉफ की गाड़ी से जुड़ी ताजा गोलीबारी की घटना का उल्लेख किया।
महाराष्ट्र में गृह मंत्रालय संभाल रहे मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर निशाना साधते हुए श्री राउत ने कहा कि राज्य सरकार संगठित अपराध पर अंकुश लगाने में विफल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि आपराधिक गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय सरकारी तंत्र का इस्तेमाल राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है।
श्री राउत ने कहा, "हत्याएं और दिनदहाड़े गोलीबारी की घटनाएं आम हो गई हैं। यदि आर्थिक राजधानी में अभिनेता और राजनीतिक हस्तियां सुरक्षित नहीं हैं, तो आम आदमी से क्या उम्मीद की जा सकती है?"
उन्होंने गृह विभाग संभालने के लिए श्री फडणवीस की आलोचना करते हुए उन्हें विफल गृह मंत्री बताया और कहा कि अब राष्ट्रपति शासन ही एकमात्र विकल्प बचा है।
विपक्ष के वरिष्ठ नेता ने जेल में बंद गैंगस्टरों से निपटने के केंद्र के तरीके पर भी सवाल उठाए। उन्होंने राजनीतिक संरक्षण और संगठित आपराधिक गिरोहों के बीच संबंध होने का आरोप लगाया।
उनकी यह टिप्पणी महाराष्ट्र में हालिया आपराधिक घटनाओं को लेकर बढ़े राजनीतिक तनाव के बीच आई है। इन मामलों में पुलिस जांच जारी है।


