Top
Begin typing your search above and press return to search.

बहरीन-कुवैत पर हमले 'उकसावे वाली कार्रवाई': लेबनान के राष्ट्रपति

बेरूत, मध्य एशिया संकट अभी खत्म नहीं हुआ है। अमेरिका-ईरान संघर्ष होर्मुज से शुरू होकर फिर बहरीन और कुवैत की सीमाओं को पार कर गया है। लेबनान ने इसे उकसावे की कार्रवाइयां बताया है।

बहरीन-कुवैत पर हमले उकसावे वाली कार्रवाई: लेबनान के राष्ट्रपति
X

बेरूत, मध्य एशिया संकट अभी खत्म नहीं हुआ है। अमेरिका-ईरान संघर्ष होर्मुज से शुरू होकर फिर बहरीन और कुवैत की सीमाओं को पार कर गया है। लेबनान ने इसे उकसावे की कार्रवाइयां बताया है।

लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ आउन ने बहरीन और कुवैत पर हुए हमलों की निंदा करते हुए कहा कि, “ये उकसावे वाली कार्रवाइयां देशों की संप्रभुता का खुला उल्लंघन हैं और क्षेत्र की सुरक्षा एवं स्थिरता के लिए सीधा खतरा हैं।”

राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि राष्ट्रपति आउन ने इन हमलों को युद्ध रोकने और तनाव कम करने के उद्देश्य से किए जा रहे "सभी क्षेत्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रयासों और पहलों को कमजोर करने की कोशिश" के रूप में देखा है।

बयान में कहा गया कि मौजूदा स्थिति अमेरिका-ईरान समझौता ज्ञापन के समर्थकों और अंतरराष्ट्रीय समुदाय की ओर से तत्काल कार्रवाई की मांग करती है।राष्ट्रपति आउन ने बहरीन और कुवैत के साथ लेबनान की पूर्ण एकजुटता भी व्यक्त की।

शुक्रवार से ही यूएस सेंटकॉम और आईआरजीसी के बीच टकराव चरम पर है। इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने दावा किया है कि उसने क्षेत्र में स्थित आठ अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बड़े पैमाने पर मिसाइल और ड्रोन हमला किया है। इसे उसने ईरानी क्षेत्र पर हालिया अमेरिकी “आक्रामकता” के जवाब में की गई “निर्णायक कार्रवाई” बताया।

इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (आईआरएनए) ने आईआरजीसी के बयान के हवाले से बताया कि यह संयुक्त अभियान उसकी नौसेना और एयरोस्पेस फोर्स ने मिलकर रविवार को स्थानीय समयानुसार सुबह 2:00 से 3:00 बजे के बीच चलाया। इसमें आठ “महत्वपूर्ण अमेरिकी सैन्य ठिकानों” को निशाना बनाया गया, जिनमें कुवैत स्थित अली अल सालेम एयरबेस और बहरीन के सलमान पोर्ट स्थित अमेरिकी पांचवें बेड़े का मुख्यालय भी शामिल है।

कोर ने दावा किया कि इस ऑपरेशन में बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन का इस्तेमाल किया गया और निशाना बनाए गए ठिकानों को नष्ट कर दिया गया।

बयान के अनुसार, यह कार्रवाई उस हमले के बाद की गई जिसमें कथित तौर पर दुश्मन ने ईरान के पांच तटीय चौकियों को पहले दिन में निशाना बनाया था।

इन हमलों को बहरीन और कुवैत ने अपनी संप्रभुता सीधा का खुला उल्लंघन करार दिया था।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it