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विनोद खन्ना की जयंती पर भावुक हुए जैकी श्रॉफ

मुंबई, बॉलीवुड अभिनेता जैकी श्रॉफ ने दिवंगत अभिनेता विनोद खन्ना को उनकी 80वीं जयंती पर याद किया।

विनोद खन्ना की जयंती पर भावुक हुए जैकी श्रॉफ
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मुंबई, बॉलीवुड अभिनेता जैकी श्रॉफ ने दिवंगत अभिनेता विनोद खन्ना को उनकी 80वीं जयंती पर याद किया। उन्होंने विनोद खन्ना के साथ बिताए पुराने दौर की यादें साझा की। विनोद खन्ना का जन्म 6 अक्टूबर 1946 को हुआ था।

जैकी ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर विनोद खन्ना की कई पुरानी तस्वीरों से बना एक फोटो मोंटाज शेयर किया। इसमें अभिनेता के करियर के अलग-अलग दौर की तस्वीरें शामिल हैं। कुछ तस्वीरों में विनोद खन्ना अपने शुरुआती दिनों के खास लुक में नजर आ रहे हैं, जबकि कुछ तस्वीरें उनके फिल्मी सफर के यादगार पलों की हैं।

इन तस्वीरों के साथ जैकी श्रॉफ ने लिखा, ''विनोद खन्ना को उनकी जयंती पर याद कर रहा हूं! वह हमेशा हमारे दिलों में रहेंगे।'' जैकी ने इस पोस्ट पर किशोर कुमार का मशहूर गाने 'मुस्कुराता हुआ...' को बैकग्राउंड म्यूजिक के तौर पर इस्तेमाल किया।

विनोद खन्ना हिंदी सिनेमा के सबसे लोकप्रिय और सम्मानित अभिनेताओं में गिने जाते हैं। उन्होंने साल 1968 में सुनील दत्त की फिल्म 'मन का मीत' से अभिनय की शुरुआत की थी। इस फिल्म में उन्होंने नकारात्मक भूमिका निभाई थी।

इसके बाद साल 1971 में गुलजार की फिल्म 'मेरे अपने' में श्याम के किरदार ने विनोद खन्ना को अलग पहचान दिलाई। इस फिल्म में उनके अभिनय को काफी पसंद किया गया और इसके बाद उन्होंने बतौर लीड एक्टर अपनी जगह मजबूत कर ली। उन्होंने आगे 'हम तुम और वो', 'मेरा गांव मेरा देश', 'इम्तिहान', 'इंकार', 'अमर अकबर एंथनी', 'मुकद्दर का सिकंदर', 'कुर्बानी', 'दयावान' और 'जुर्म' जैसी फिल्मों में काम किया।

विनोद खन्ना और अमिताभ बच्चन की जोड़ी भी हिंदी सिनेमा की यादगार जोड़ियों में शामिल रही। दोनों ने साथ में 'अमर अकबर एंथनी', 'हेरा फेरी', 'खून पसीना' और 'मुकद्दर का सिकंदर' जैसी फिल्मों में काम किया। इन फिल्मों में दोनों की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री को दर्शकों ने खूब पसंद किया।

अपने करियर के शिखर पर पहुंचने के बाद विनोद खन्ना ने साल 1982 में अचानक फिल्मों से दूरी बनाने का फैसला लिया। उन्होंने अपने आध्यात्मिक गुरु ओशो रजनीश का अनुसरण करने के लिए बॉलीवुड से ब्रेक लिया और कई साल तक फिल्म इंडस्ट्री से दूर रहे। उनका यह फैसला उस समय पूरी फिल्म इंडस्ट्री के लिए काफी चौंकाने वाला था।

विनोद खन्ना ने सिर्फ फिल्मों तक ही खुद को सीमित नहीं रखा। उन्होंने राजनीति में भी कदम रखा और यहां भी अपनी पहचान बनाई। उन्होंने सांसद के तौर पर जिम्मेदारी निभाई।

27 अप्रैल 2017 को मुंबई में विनोद खन्ना का निधन हो गया। वह 70 साल के थे और लंबे समय से ब्लैडर कैंसर से जूझ रहे थे। उनके निधन से फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई थी।

विनोद खन्ना के परिवार में उनकी पत्नी कविता खन्ना और चार बच्चे हैं। उनके बेटों में राहुल खन्ना, अक्षय खन्ना और साक्षी खन्ना शामिल हैं, जबकि उनकी बेटी का नाम श्रद्धा खन्ना है। इससे पहले विनोद खन्ना की शादी गीतांजलि से हुई थी, जिनसे उनके दो बेटे राहुल और अक्षय हुए।


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