हिंदी सिनेमा : नकारात्मक किरदारों को प्रेमनाथ ने दी नई पहचान
मुंबई, भारतीय सिनेमा के इतिहास में कई ऐसे कलाकार हुए, जिन्होंने अपनी शुरुआत रोमांटिक या मुख्य नायक के रूप में की लेकिन दर्शकों के दिलों में हमेशा के लिए वे अपने नकारात्मक किरदारों (विलेन) की वजह से छाए रहे।

मुंबई, भारतीय सिनेमा के इतिहास में कई ऐसे कलाकार हुए, जिन्होंने अपनी शुरुआत रोमांटिक या मुख्य नायक के रूप में की लेकिन दर्शकों के दिलों में हमेशा के लिए वे अपने नकारात्मक किरदारों (विलेन) की वजह से छाए रहे। इसी कड़ी में एक बहुत बड़ा नाम आता है प्रेमनाथ मल्होत्रा का। उनकी दमदार आवाज, रोबदार व्यक्तित्व और शानदार अदाकारी ने उन्हें हिंदी सिनेमा के सबसे यादगार खलनायकों में शामिल कर दिया।
खूबसूरत कद-काठी, रोबीला चेहरा और आंखों में एक अलग तरह की तीव्रता रखने वाले प्रेमनाथ ने जब फिल्मों में कदम रखा, तो वे एक लीड हीरो थे। राज कपूर और प्रेम चोपड़ा के साले प्रेमनाथ का फिल्मी सफर उतार-चढ़ाव भरा रहा।
प्रेमनाथ हिंदी सिनेमा के उन कलाकारों में शुमार हैं, जो आए तो हीरे बनने थे लेकिन जिंदगी की जद्दोजहद ने उन्हें विलेन बना दिया। पेशावर में जन्मे प्रेम नाथ भारत-पाकिस्तान विभाजन के बाद मध्य प्रदेश में जाकर बस गए। पिता पुलिस विभाग में थे तो उन्होंने प्रेम नाथ की भी भर्ती आर्मी में करा दी लेकिन एक्टिंग के जुनून के चलते प्रेम नाथ वहां से निकल कर सपनों की नगरी मुंबई पहुंच गए।
मुंबई जाकर पृथ्वी थिएटर से जुड़े और अपने फिल्मी करियर की शुरुआत की। पहली फिल्म से कामयाबी मिली तो फिल्मों का सिलसिला बढ़ता गया। फिल्म शूटिंग के दौरान ही उन्हें एक्ट्रेस बीना राय से प्यार हुआ और उन्हीं से शादी भी कर ली। उनकी पर्सनल लाइफ में सब कुछ ठीक चल रहा था लेकिन प्रोफेशनल लाइफ में दिक्कतें आने लगीं।
फिल्मी बैकग्राउंड से ताल्लुक के चलते बीना राय ने प्रेम नाथ के साथ फिल्म प्रोडक्शन कंपनी पी.एन. फिल्म्स की शुरुआत की। इस बैनर तले कई फिल्में रिलीज हुईं लेकिन अधिकतर फ्लॉप रहीं। इसके बाद उन्होंने अपना पूरा फोकस एक्टिंग करियर में लगाया।
जहां एक तरफ बीना राय कामयाबी की सीढ़ियां चढ़ रही थीं तो वहीं दूसरी तरफ प्रेम नाथ बतौर हीरो खुद को स्थापित करने में नाकामयाब हो रहे थे। फिल्मों में खुद की नाकामयाबी से प्रेम नाथ इतने हताश हो गए थे कि उन्होंने कुछ सालों के लिए फिल्मी दुनिया से दूरी बना ली। इस दौरान वे संन्यासियों की तरह जीवन जीने लगे। हालांकि कुछ साल बाद प्रेम नाथ ने फिल्मों में कमबैक किया लेकिन इस बार हीरो नहीं बल्कि विलेन के तौर पर।
करियर की दूसरी पारी में उनको सिर्फ कामयाबी हाथ लगी। जानी दुश्मन जैसी फिल्मों में प्रेम नाथ ने विलेन के किरदार में खुद को बेहतरीन ढंग से ढालकर खलनायकी को नई परिभाषा दी। शुरुआत से ही प्रेम नाथ और राज कपूर अच्छे दोस्त थे। राज कपूर की कई फिल्मों में प्रेम नाथ नजर भी आए थे। एक बार राज कपूर प्रेमनाथ के साथ रीवा गए थे। यहां राज कपूर को कृष्णा पहली नजर में ही पसंद आ गई थी और दोनों ने शादी कर ली थी। वहीं, प्रेम नाथ की दूसरी बहन उमा की शादी एक्टर प्रेम चोपड़ा से हुई थी।
प्रेम नाथ ने अमेरिकन फिल्म केनरे में भी काम किया था और यह फिल्म 1969 में रिलीज हुई थी। इसके अलावा उन्होंने अमेरिकन टीवी शो ‘माया’ में 1967 से लेकर 1969 तक काम किया था। प्रेम नाथ आखिरी बार हिंदी फिल्म 'हम दोनों' में नजर आए थे। 3 नवंबर 1992 में 65 साल की उम्र में प्रेम नाथ का हार्ट अटैक की वजह से निधन हो गया था।


