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'बच्चों को देर से समझ आती है माता-पिता की अहमियत': अजय देवगन

मुंबई, बॉलीवुड अभिनेता अजय देवगन ने साल 2021 में एडवेंचर रियलिटी शो 'इंटू द वाइल्ड विद बेयर ग्रिल्स' में हिस्सा लिया था।

बच्चों को देर से समझ आती है माता-पिता की अहमियत: अजय देवगन
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मुंबई, बॉलीवुड अभिनेता अजय देवगन ने साल 2021 में एडवेंचर रियलिटी शो 'इंटू द वाइल्ड विद बेयर ग्रिल्स' में हिस्सा लिया था। इस दौरान उन्होंने अपने पिता और मशहूर एक्शन डायरेक्टर वीरू देवगन के साथ अपने रिश्ते को लेकर खुलकर बात की थी।

अजय ने बताया था कि उम्र बढ़ने के साथ बच्चों का अपने माता-पिता को देखने का नजरिया बदल जाता है। खासकर जब वे खुद माता-पिता बनते हैं, तब उन्हें समझ आता है कि उनके माता-पिता ने उनके लिए कितना कुछ किया है।

शो के दौरान होस्ट बेयर ग्रिल्स ने अजय से उनके पिता के निधन के बारे में पूछा। उन्होंने कहा, ''आपने हाल ही में अपने पिता को खोया है।'' इस पर अजय ने जवाब दिया, ''हां, दो साल पहले।'' बेयर ग्रिल्स ने कहा कि पिछले दो साल उनके लिए काफी मुश्किल रहे होंगे।

इसके बाद अजय ने बताया कि माता-पिता को खोना बेहद मुश्किल होता है, लेकिन बचपन और युवावस्था में अक्सर बच्चे उनके योगदान को ठीक से समझ नहीं पाते। उन्होंने कहा, ''अपने माता-पिता को खोना मुश्किल होता है, क्योंकि जिंदगी के 20 साल की उम्र तक आप उनकी परवाह नहीं करते। आपको लगता है कि वे बेवकूफ हैं, उन्हें कुछ नहीं पता और आपको सब कुछ पता है।''

अजय ने आगे कहा, ''लेकिन जब आपके अपने बच्चे होते हैं, तब आपको समझ आता है कि माता-पिता क्या होते हैं। वे आपके लिए सबसे अच्छा चाहते हैं। हालांकि, इस बात को समझने में काफी समय लग जाता है।''

बातचीत के दौरान बेयर ग्रिल्स ने अजय से उनके पिता की बीमारी के बारे में भी पूछा। इस पर अभिनेता ने बताया कि वीरू देवगन अल्जाइमर बीमारी से जूझ रहे थे। उन्होंने कहा, ''हां, उन्हें अल्जाइमर था। स्टंट की वजह से उन्हें काफी चोटें भी लगी थीं।'' अजय ने एक घटना का जिक्र करते हुए बताया कि शूटिंग के दौरान एक बार उनके पिता को कार के ऊपर से निकलने वाला स्टंट करना था। इस दौरान उनके सिर में चोट लग गई थी।

अजय ने बताया कि उस दौर में फिल्मों के स्टंट के लिए असली कारों और साधारण कांच का इस्तेमाल किया जाता था, जिससे चोट लगने का खतरा ज्यादा रहता था। उन्होंने कहा, ''क्योंकि उस समय असली कांच इस्तेमाल किया जाता था। अब हम टफ ग्लास का इस्तेमाल करते हैं। उससे भी चोट लगती है, लेकिन असली कांच से बहुत ज्यादा चोट लगती है।''


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