Top
Begin typing your search above and press return to search.

देश से माफी मांगे राहुल गांधी : सुधांशु त्रिवेदी

भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला करते हुए उनसे संसद में पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे द्वारा कथित तौर पर लिखित 2020 के गलवान घाटी गतिरोध पर आधारित अप्रकाशित संस्मरण पुस्तक के संबंध में की गई टिप्पणी के लिए राष्ट्र से माफी मांगने की मांग की है।

देश से माफी मांगे राहुल गांधी : सुधांशु त्रिवेदी
X

नई दिल्ली। भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला करते हुए उनसे संसद में पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे द्वारा कथित तौर पर लिखित 2020 के गलवान घाटी गतिरोध पर आधारित अप्रकाशित संस्मरण पुस्तक के संबंध में की गई टिप्पणी के लिए राष्ट्र से माफी मांगने की मांग की है।

सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि राहुल गांधी के दावे पूरी तरह से गलत साबित हो गए हैं, क्योंकि प्रकाशक पेंग्विन और खुद जनरल नरवणे दोनों ने साफ कर दिया है कि ऐसी कोई किताब कभी प्रकाशित ही नहीं हुई।

पेंगुइन ने यह भी कहा कि नरवणे के नाम से कोई भी प्रति प्रसारित होना कॉपीराइट का उल्लंघन होगा।

त्रिवेदी ने राहुल गांधी पर संसद को गुमराह करने और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे गंभीर मुद्दे पर राजनीति करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि सदन के नेता ने पहले गांधी को अबोध बालक बताया था, लेकिन उनके व्यवहार से वे शातिर बालक जैसे लगते हैं, जो जानबूझकर झूठ फैला रहे हैं।

त्रिवेदी ने गांधी के आचरण को अक्षम्य बताते हुए कहा, “यह अपराध है और माफ किए जाने लायक नहीं है। अब जब प्रकाशक और लेखक दोनों ने स्थिति साफ कर दी है, तो उन्हें देश से माफी मांगनी चाहिए।”

भाजपा नेता ने कहा कि यह पूरा मामला दिखाता है कि कांग्रेस राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे मुद्दों को राजनीति में घसीटकर राजनीतिक स्तर गिरा रही है। इसके साथ ही, संसद तथा देश को गुमराह करने की पूरी जिम्मेदारी राहुल गांधी की है।

बता दें कि यह मामला संसद में तीखे टकराव का केंद्र बन गया है, राहुल गांधी ने बहस के दौरान किताब के कथित कुछ अंश पढ़ने की कोशिश की। इसकी वजह से सदन में बार-बार हंगामा हुआ, सत्तापक्ष ने आपत्ति जताई और कई विपक्षी सांसद निलंबित भी हुए।

सरकार का कहना है कि यह किताब रक्षा मंत्रालय की समीक्षा में है, जबकि विपक्ष का आरोप है कि सरकार राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी असहज सच्चाइयों को दबा रही है।

इस मामले में अप्रकाशित मूल प्रतियां के कथित लीक और प्रसार को लेकर दिल्ली पुलिस ने एफआईआर भी दर्ज की है, जिससे मामला और जटिल हो गया है।

प्रकाशक के बयान का समर्थन करते हुए जनरल नरवणे के स्पष्टीकरण से किताब की स्थिति साफ होती दिख रही है।

इस विवाद की वजह से एक हफ्ते से लोकसभा की कार्यवाही ठप है।

राहुल गांधी का आरोप था कि सरकार भारत-चीन सीमा संघर्ष से जुड़े खुलासों के कारण इस संस्मरण को दबा रही है। वहीं त्रिवेदी ने कहा कि प्रकाशक पेंगुइन और खुद जनरल नरवणे के स्पष्टीकरण ने राहुल गांधी के दावों को पूरी तरह बेबुनियाद साबित कर दिया है।

उन्होंने कहा, “यह साफ हो गया है कि राहुल गांधी ने सदन में झूठी कहानी गढ़कर लोगों को गुमराह करने की कोशिश की, जो उनकी छोटी राजनीति का हिस्सा है।”


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it