भारत दो साल में मेट्रो नेटवर्क की लंबाई में अमेरिका को पीछे छोड़ देगा: मनोहर लाल
केंद्रीय विद्युत एवं आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि भारत अगले दो वर्षों में मेट्रो रेल नेटवर्क की लंबाई के मामले में संयुक्त राज्य अमेरिका को पीछे छोड़ सकता है।

नई दिल्ली। केंद्रीय विद्युत एवं आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने शनिवार को कहा कि भारत अगले दो वर्षों में मेट्रो रेल नेटवर्क की लंबाई के मामले में संयुक्त राज्य अमेरिका को पीछे छोड़ सकता है।
इंदौर में विस्तारित मेट्रो रेल सेवा का उद्घाटन करने के बाद मंत्री ने कहा कि भारत का मेट्रो नेटवर्क 26 शहरों में 1,170 किलोमीटर तक पहुंच गया है, जबकि अमेरिका में यह 1,386 किलोमीटर है।
उन्होंने कहा कि इंदौर लाइन के विस्तार के साथ, भारत का मेट्रो रेल नेटवर्क 1,170 किलोमीटर तक पहुंच गया है। उन्होंने आगे कहा कि अब देश अमेरिका के नेटवर्क से 216 किलोमीटर पीछे है।
उनके अनुसार, मुझे लगता है कि अगले दो वर्षों में हम अमेरिका को पीछे छोड़ देंगे और चीन के बाद मेट्रो रेल नेटवर्क के मामले में दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा देश बन जाएंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि चीन में वर्तमान में लगभग 8,000 किलोमीटर मेट्रो रेल लाइनें हैं।
मंत्री के अनुसार, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 में पदभार संभाला था, तब पांच शहरों में 245 किलोमीटर के क्षेत्र में मेट्रो रेल सेवाएं चालू थीं।
उन्होंने आगे बताया कि नेटवर्क का विस्तार 26 शहरों में 1,170 किलोमीटर तक हो चुका है।
उन्होंने यह भी कहा कि मेट्रो रेल केवल परिवहन का साधन नहीं है, बल्कि लोगों के जीवन स्तर को सुगम बनाने का भी एक माध्यम है और इसका विस्तार 2047 तक 'विकसित भारत' के निर्माण के लक्ष्य से जुड़ा हुआ है।
2,850 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित विस्तारित इंदौर मेट्रो सेवा अब गांधी नगर और मालवीय नगर चौराहा के बीच 17 किलोमीटर के मार्ग पर चलेगी।
यह सेवा पहले गांधी नगर और सुपर कॉरिडोर-3 स्टेशनों के बीच छह किलोमीटर के खंड पर व्यावसायिक रूप से संचालित हो रही थी।
इसके अतिरिक्त, विस्तारित मार्ग पर पहली ट्रेनें दोनों छोर से प्रतिदिन सुबह 9 बजे रवाना होंगी। वहीं, आखिरी ट्रेन शाम 7 बजे चलेगी।
हर 15 मिनट में ट्रेनें उपलब्ध होंगी, जिनमें प्रतिदिन 80 से अधिक ट्रिप निर्धारित हैं।


