पॉलीकैब इंडिया में शेयर 5 प्रतिशत तक लुढ़के
नई दिल्ली, पॉलीकैब इंडिया के शेयरों में बुधवार को गिरावट देखने को मिली और यह 5 प्रतिशत तक फिसल गया।

नई दिल्ली, पॉलीकैब इंडिया के शेयरों में बुधवार को गिरावट देखने को मिली और यह 5 प्रतिशत तक फिसल गया। इसकी वजह स्टॉक को एफएंडओ (फ्यूचर एंड ऑप्शंस) से बाहर करने के लिए नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) की ओर से नोटिफिकेशन जारी करना है।
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीईएस) पर शेयर शुरुआती कारोबार में करीब 5.02 प्रतिशत तक फिसलकर 7,845 रुपए पर पहुंच गया था। हालांकि, दिन के दौरान इसमें रिकवरी देखने को मिली। मंगलवार के सेशन में भी कंपनी के शेयर में बिकवाली का दबाव देखा गया और इसमें 5 प्रतिशत की गिरावट आई। यह गिरावट तब हुई जब एक्सचेंज ने घोषणा की कि 30 दिसंबर से इस शेयर के लिए ट्रेडिंग के लिए कोई कॉन्ट्रैक्ट उपलब्ध नहीं होंगे। एनएसई ने कहा कि मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट महीनों की एक्सपायरी के बाद पॉलीकैब में नए एक्सपायरी महीनों के लिए कॉन्ट्रैक्ट जारी नहीं किए जाएंगे।
हालांकि, एक्सचेंज ने आगे कहा कि अक्टूबर 2026, नवंबर 2026 और दिसंबर 2026 की एक्सपायरी वाले मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट अपनी-अपनी एक्सपायरी तारीखों तक ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध रहेंगे और मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट महीनों में नई स्ट्राइक भी पेश की जाएंगी।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, मौजूदा कॉन्ट्रैक्ट्स की समय-सीमा खत्म होने के बाद, 1 जनवरी 2027 से आईबीसी फ्रेमवर्क के तहत प्राइस बैंड और ग्रॉस सेटलमेंट समेत निगरानी के और उपाय लागू होंगे। यह कदम आईबीसी फ्रेमवर्क के तहत सिक्योरिटीज के संबंध में 7 अगस्त और 9 अक्टूबर, 2026 को जारी एक्सचेंज सर्कुलर के बाद उठाया गया है।
इससे पहले, कंपनी ने बताया था कि नेशनल कंपनी लॉ अपीलेट ट्रिब्यूनल (एनसीएलएटी) ने नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी), अहमदाबाद बेंच के 7 अक्टूबर, 2026 के उस आदेश पर रोक लगा दी है, जिसमें एसियर मेटल्स प्राइवेट लिमिटेड द्वारा 2.79 करोड़ रुपए के कथित परिचालन संबंधी बकाया के लिए कंपनी के खिलाफ दिवालियापन की कार्यवाही शुरू करने की मंजूरी दी गई थी।


