Top
Begin typing your search above and press return to search.

डीएलएफ का रेवेन्यू 53 प्रतिशत में गिरावट

मुंबई, देश की प्रमुख रियल एस्टेट कंपनी डीएलएफ लिमिटेड को वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में राजस्व (रेवेन्यू) के मोर्चे पर बड़ा झटका लगा है।

डीएलएफ का रेवेन्यू 53 प्रतिशत में गिरावट
X

मुंबई, देश की प्रमुख रियल एस्टेट कंपनी डीएलएफ लिमिटेड को वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में राजस्व (रेवेन्यू) के मोर्चे पर बड़ा झटका लगा है। कंपनी की आय सालाना आधार पर 52.9 प्रतिशत घटकर 1,280 करोड़ रुपए रह गई, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह 2,717 करोड़ रुपए थी।

हालांकि राजस्व में गिरावट के बावजूद कंपनी के मुनाफे में मामूली बढ़ोतरी दर्ज की गई। एक्सचेंज फाइलिंग के अनुसार, डीएलएफ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 4.1 प्रतिशत बढ़कर 794 करोड़ रुपए हो गया, जो पिछले साल इसी तिमाही में 763 करोड़ रुपए था।

कंपनी के परिचालन प्रदर्शन पर भी राजस्व में आई गिरावट का असर दिखाई दिया। ईबीआईटीडीए (ब्याज, कर, मूल्यह्रास और परिशोधन से पहले की आय) 58.9 प्रतिशत घटकर 150 करोड़ रुपए रह गया, जबकि पिछले साल यह 364 करोड़ रुपए था।

इसी के साथ कंपनी का ईबीआईटीडीए मार्जिन भी घटा है। पहली तिमाही में यह 11.7 प्रतिशत रहा, जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह 13.4 प्रतिशत था। इससे संकेत मिलता है कि कंपनी की परिचालन लाभप्रदता पर दबाव बना हुआ है।

कमजोर वित्तीय नतीजों के बावजूद निवेशकों का भरोसा कंपनी पर बना रहा। सोमवार को डीएलएफ का शेयर 1.40 प्रतिशत की बढ़त के साथ 668.55 रुपए पर बंद हुआ। हालांकि यह बढ़त निफ्टी इंडेक्स की 1.60 प्रतिशत की तेजी से कम रही।

कारोबारी सत्र के दौरान शेयर 668.25 रुपए पर खुला और 660.60 रुपए से 670.90 रुपए के दायरे में कारोबार करता रहा, जिसमें पिछले बंद भाव 659.30 रुपए की तुलना में सकारात्मक रुख देखने को मिला।

पिछले एक वर्ष के दौरान डीएलएफ का शेयर 798.80 रुपए के 52-सप्ताह के उच्चतम स्तर और 489.40 रुपए के 52-सप्ताह के निचले स्तर को छू चुका है। इसके बावजूद शेयर अभी भी सालाना आधार पर लगभग 14 प्रतिशत नीचे बना हुआ है।

कंपनी का वर्तमान मार्केट कैपिटलाइजेशन 1.94 लाख करोड़ रुपए है, जबकि उसका प्राइस-टू-अर्निंग (पी/ई) अनुपात 92.11 पर है, जो निवेशकों की भविष्य की कमाई को लेकर उम्मीदों को दर्शाता है।

कंपनी की 61वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) को संबोधित करते हुए चेयरमैन राजीव सिंह ने कहा कि कंपनी के डेवलपमेंट और एन्युटी बिजनेस अपने-अपने क्षेत्रों में विस्तार और विकास पर लगातार ध्यान केंद्रित किए हुए हैं।

उन्होंने कहा, "हम अपने कारोबारी लक्ष्यों को हासिल करने को लेकर आश्वस्त हैं, हालांकि वैश्विक और घरेलू आर्थिक परिस्थितियों पर भी सावधानीपूर्वक नजर बनाए हुए हैं।"

राजीव सिंह ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय अर्थव्यवस्था ने वैश्विक चुनौतियों और अनिश्चितताओं के बावजूद स्थिरता बनाए रखी है। उन्होंने कहा कि आज भारत विश्व मंच पर एक मजबूत और तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी पहचान कायम रखे हुए है।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it