पुतिन के घर पर कथित हमले का मामला, रूस और यूरोपीय देश आमने-सामने
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन के आवास पर कथित ड्रोन हमले का मामला बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है. यूक्रेन के पक्ष में सीधे तौर पर यूरोपीय देश उतर आए हैं;
रूस : रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन के आवास पर कथित ड्रोन हमले का मामला बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है. यूक्रेन के पक्ष में सीधे तौर पर यूरोपीय देश उतर आए हैं.
यूरोपीय संघ (ईयू) के एक वरिष्ठ राजनयिक ने रूस के उस दावे को ख़ारिज़ कर दिया है जिसमें ये कहा गया था कि यूक्रेन ने रूस के सरकारी ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की. ईयू ने इसे रूस की तरफ से "जानबूझकर ध्यान भटकाने वाला प्रयास" बताया है. ईयू का कहना है कि यह शांति प्रक्रिया को पटरी से उतारने की कोशिश है।
यूरोपीय आयोग की वाइस प्रेसिडेंट काया कल्लास ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि ऐसे किसी हमलावर के निराधार दावों को स्वीकार नहीं करना चाहिए जिसने खुद अंधाधुंध तरीके से यूक्रेन के बुनियादी ढांचे और नागरिकों को निशाना बनाया हो. उनके इस पोस्ट को रूस के दावों से जोड़कर देखा जा रहा है. इससे पहले रूस ने पुतिन के घर पर 'ड्रोन हमले का एक वीडियो' जारी किया था. इस सप्ताह की शुरुआत में रूस ने उत्तर पश्चिम रूस में लेक वाल्दाई पर मौजूद पुतिन के निजी घर को निशाना बनाने का आरोप यूक्रेन पर लगाया था.
रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने पहली बार इन दावों के बारे में बात की. उसके बाद से रूसी सरकारी मीडिया और राजनेताओं ने इस कथित हमले पर लगातार और भड़काऊ लहजे में बात की है. रूसी संसद की रक्षा समिति के प्रमुख आंद्रेई कार्तपोलोव ने कहा है कि यह हमला रूस के दिल पर प्रहार है. यूक्रेन ने जो किया है, उसके बाद किसी भी तरह की माफ़ी नहीं हो सकती।
रूसी रक्षा विभाग यानी क्रेमलिन ने शुरू में कहा था कि उसे कथित हमले के सबूत साझा करने में कोई फायदा नहीं दिखता, लेकिन बुधवार को रूसी सेना ने वीडियो जारी किया और उसे हमले के प्रयास के सबूत के तौर पर पेश किया।
इन सबूतों में एक नक्शा भी शामिल है जिसमें कथित तौर पर दिखाया गया कि ड्रोन यूक्रेन के सूमी और चेर्निहिव इलाक़ों से लॉन्च किए गए थे. साथ ही एक वीडियो में बर्फीले जंगल में एक ड्रोन गिरा हुआ दिखा. हालाँकि यह भी कहा जा रहा है कि इस ड्रोन के पुर्जे इतने सस्ते होते हैं और ऑनलाइन आसानी से उपलब्ध हैं, इसलिए उन्हें पुख़्ता तौर पर यूक्रेनी सेना से नहीं जोड़ा जा सकता है।
वहीं, यूक्रेन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि रूस जिसे सबूत बता रहा है वह बेहद "हास्यास्पद" है. यूक्रेन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता हेओर्ही तिखी ने एक इंटरव्यू में तज कसते हुए कहा है कि रूस के लोग कहानी गढ़ने के मामले में भी गंभीर नहीं हैं।
वहीं, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने भी इन आरोपों का पुरजोर खंडन किया है और इन्हें अमेरिकी दख़ल से चल रही युद्धविराम प्रक्रिया से जोड़ा है. ज़ेलेंस्की ने नए साल की पूर्व संध्या पर अपने संबोधन में कहा, "शांति समझौता 90% तैयार है, 10% बाक़ी है. ज़ेलेंस्की ने कहा कि रूस अमेरिका और यूक्रेन के बीच "सकारात्मक माहौल" को बाधित करना चाहता था इसीलिए इस तरह के दावे कर रहा है।
ज़ेलेंस्की ने ये चेतावनी भी दी कि कथित ड्रोन हमले का बहाना बनाकर यूक्रेन की अन्य सरकारी इमारतों पर हमला करने की साजिश की जा रही है. उधर, बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सलाहकारों ने यूक्रेन में युद्ध समाप्त करने के बारे में ज़ेलेंस्की से बात की. उन्होंने ब्रिटेन, फ्रांस और जर्मनी के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकारों के साथ भी बातचीत की।