मुंबई। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने सोमवार को 1 अक्टूबर 2025 से 30 सितंबर 2026 तक के सत्र के लिए सीनियर पुरुष और महिला खिलाड़ियों के वार्षिक केंद्रीय अनुबंध (सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट) की घोषणा कर दी। इस बार की सूची में कई अहम बदलाव देखने को मिले हैं। सबसे बड़ा बदलाव रोहित शर्मा और विराट कोहली की ग्रेडिंग को लेकर है। दोनों दिग्गजों को ग्रेड बी में रखा गया है। वहीं, शुभमन गिल को प्रमोट करते हुए टॉप कैटेगरी ग्रेड ए में शामिल किया गया है। महिला क्रिकेट में भी कई अहम नामों को शीर्ष ग्रेड में जगह दी गई है। तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी और विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन का नाम किसी भी श्रेणी में शामिल नहीं किया गया, जो इस सूची का बड़ा आश्चर्य माना जा रहा है।
ग्रेड ए: पुरुषों में तीन, महिलाओं में चार खिलाड़ी
BCCI ने इस सत्र में ग्रेड ए को सर्वोच्च श्रेणी के रूप में बरकरार रखा है। पुरुष वर्ग में शुभमन गिल, जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा को इस श्रेणी में रखा गया है।
शुभमन गिल: वनडे और टेस्ट टीम के कप्तान के रूप में जिम्मेदारी निभा रहे गिल को ग्रेड बी से प्रमोट कर ग्रेड ए में शामिल किया गया है।
जसप्रीत बुमराह: भारतीय तेज आक्रमण के अगुआ बुमराह ने अपना शीर्ष अनुबंध बरकरार रखा है।
रवींद्र जडेजा: अनुभवी ऑलराउंडर जडेजा भी टॉप ग्रेड में बने हुए हैं।
महिला वर्ग में चार खिलाड़ियों को ग्रेड ए में जगह मिली है:
हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स और दीप्ति शर्मा। ये चारों खिलाड़ी भारतीय महिला टीम की नियमित सदस्य हैं और बहु-प्रारूप (मल्टी-फॉर्मेट) में योगदान दे रही हैं।
ग्रेड बी: रोहित-विराट को झटका
ग्रेड बी में 11 पुरुष खिलाड़ियों को शामिल किया गया है। इनमें रोहित शर्मा और विराट कोहली जैसे दिग्गज नाम भी शामिल हैं।
ग्रेड बी (पुरुष)
वाशिंगटन सुंदर, रोहित शर्मा, विराट कोहली, केएल राहुल, मोहम्मद सिराज, हार्दिक पांड्या, ऋषभ पंत, कुलदीप यादव, यशस्वी जायसवाल, सूर्यकुमार यादव और श्रेयस अय्यर।
रोहित और विराट पहले ए+ श्रेणी में थे, लेकिन BCCI ने इस बार ए+ कैटेगरी को समाप्त कर दिया है। साथ ही, दोनों खिलाड़ियों के टेस्ट और टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद उनकी ग्रेडिंग को पुनः निर्धारित किया गया है।
महिला वर्ग में ग्रेड बी में 10 खिलाड़ियों को जगह :
रेणुका ठाकुर, शेफाली वर्मा, ऋचा घोष, स्नेह राणा, राधा यादव, अमनजोत कौर, प्रतिका रावल, क्रांति गौड़, उमा छेत्री और अरुंधति रेड्डी।
ग्रेड सी: उभरते खिलाड़ियों को मौका
ग्रुप सी में 15 पुरुष खिलाड़ियों को शामिल किया गया है। इनमें कई युवा और उभरते हुए नाम हैं: अक्षर पटेल, तिलक वर्मा, रिंकू सिंह, शिवम दुबे, संजू सैमसन, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा, आकाश दीप, ध्रुव जुरेल, हर्षित राणा, वरुण चक्रवर्ती, नीतीश कुमार रेड्डी, अभिषेक शर्मा, साई सुदर्शन, रवि बिश्नोई और ऋतुराज गायकवाड़।
महिला वर्ग में ग्रेड सी में सात खिलाड़ियों को जगह मिली है: चरणी, यास्तिका भाटिया, हरलीन देओल, काश्वी गौतम, जी कमालिनी, वैष्णवी शर्मा और तेजल हसबनीस।
शमी और ईशान किशन बाहर
इस सूची से सबसे चौंकाने वाला नाम तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी का बाहर होना है। शमी को इस बार किसी भी ग्रेड में शामिल नहीं किया गया है। उन्होंने 2025 चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल के बाद भारत के लिए कोई अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं खेला है, जो इस निर्णय की एक प्रमुख वजह मानी जा रही है। इसी तरह, विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन का नाम भी किसी श्रेणी में शामिल नहीं है। यह फैसला इसलिए चर्चा में है क्योंकि ईशान हाल के टी20 टूर्नामेंटों में टीम का हिस्सा रहे हैं और न्यूजीलैंड के खिलाफ हालिया प्रदर्शन भी संतोषजनक रहा था।
प्रमोशन और वापसी
इस बार की सूची में कुछ खिलाड़ियों को प्रमोशन और कुछ को वापसी का मौका मिला है:
शुभमन गिल: ग्रेड बी से ग्रेड ए में प्रमोट।
वाशिंगटन सुंदर: ग्रेड सी से ग्रेड बी में पदोन्नति।
श्रेयस अय्यर: ग्रेड बी में वापसी।
जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा: टॉप ग्रेड बरकरार।
ये बदलाव इस बात का संकेत देते हैं कि बोर्ड खिलाड़ियों के मौजूदा प्रदर्शन और विभिन्न प्रारूपों में नियमितता को प्राथमिकता दे रहा है।
मल्टी फॉर्मेट पर जोर
BCCI के नए कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम से साफ है कि बोर्ड अब उन खिलाड़ियों को प्राथमिकता दे रहा है जो तीनों प्रारूपों टेस्ट, वनडे और टी२० में नियमित रूप से खेल रहे हैं। रोहित शर्मा और विराट कोहली के मामले में देखा जाए तो दोनों ने टेस्ट और टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। ऐसे में उनका योगदान सीमित प्रारूपों तक रह गया है, जिसका असर उनकी ग्रेडिंग पर पड़ा है। वहीं, शुभमन गिल, बुमराह और जडेजा जैसे खिलाड़ी एक से अधिक प्रारूपों में लगातार टीम का हिस्सा हैं, जिससे उन्हें शीर्ष ग्रेड में जगह मिली है।
महिला क्रिकेट को मिला संतुलित प्रतिनिधित्व
महिला टीम में भी ग्रेडिंग इस आधार पर की गई है कि कौन खिलाड़ी नियमित रूप से विभिन्न प्रारूपों में योगदान दे रही है। कप्तान हरमनप्रीत कौर और स्मृति मंधाना जैसे अनुभवी खिलाड़ियों के साथ जेमिमा रोड्रिग्स और दीप्ति शर्मा को टॉप ग्रेड में रखना यह दर्शाता है कि बोर्ड महिला क्रिकेट को भी समान महत्व दे रहा है। ग्रेड बी और सी में शामिल खिलाड़ियों में कई युवा नाम हैं, जो भविष्य की टीम संरचना का हिस्सा माने जा रहे हैं।
बदलती प्राथमिकताओं की ओर इशारा
2025-26 सत्र के लिए घोषित यह कॉन्ट्रैक्ट सूची भारतीय क्रिकेट में बदलती प्राथमिकताओं की ओर इशारा करती है। बोर्ड अब प्रदर्शन और उपलब्धता को प्रमुख मानदंड बना रहा है। मल्टी-फॉर्मेट खिलाड़ी शीर्ष श्रेणी में हैं। लंबे समय से अनुपस्थित या सीमित प्रारूपों में खेलने वाले खिलाड़ियों की ग्रेडिंग प्रभावित हुई है। आगामी सत्र में भारतीय टीम कई अहम द्विपक्षीय सीरीज और आईसीसी टूर्नामेंट खेलेगी। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि जिन खिलाड़ियों को प्रमोशन मिला है, वे अपने प्रदर्शन से इस विश्वास को कैसे मजबूत करते हैं। फिलहाल, BCCI की यह नई कॉन्ट्रैक्ट सूची भारतीय क्रिकेट में एक स्पष्ट संदेश देती है-नियमितता, फिटनेस और बहु प्रारूप योगदान ही शीर्ष श्रेणी का आधार होंगे।