मुख्यमंत्री रमन को महिला मजदूर ने खिलाया भात, अमारी भाजी और चटनी

रायपुर ! झुलसा देने वाली 42 डिग्री की तेज धूप और गर्म हवाओं के बीच मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को पेड़ की छांव में मनरेगा की एक मजदूर महिला उर्मिला कोर्राम ने भात के साथ अमारी भाजी और

Update: 2017-04-07 05:08 GMT

रायपुर !  झुलसा देने वाली 42 डिग्री की तेज धूप और गर्म हवाओं के बीच मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को पेड़ की छांव में मनरेगा की एक मजदूर महिला उर्मिला कोर्राम ने भात के साथ अमारी भाजी और चटनी खिलाकर और एक अन्य मजदूर महिला मानमती यादव ने तेन्दू खिलाकर उनका आत्मीय स्वागत किया। यह दिलचस्प प्रसंग बिलासपुर जिले के ग्राम गौरखेड़ा, ग्राम पंचायत ठेंगाडांड (विकासखंड गौरेला) का है, जहां मुख्यमंत्री आज लोक सुराज अभियान के तहत रायपुर से हेलीकाप्टर द्वारा अचानक पहुंचे थे।
उनका हेलीकाप्टर वहां बन रहे सिंचाई बांध के नजदीक उतरा। यह बांध सोनकछार नदी पर 33 करोड़ रूपए की लागत से बनवाया जा रहा है। इसके बन जाने पर खरीफ तथा रबी मौसम में इलाके के 541 किसानों के लगभग 1600 हेक्टेयर खेतों को पानी मिल सकेगा। इसमें से 800 हेक्टेयर में खरीफ और शेष 800 हेक्टेयर में रबी के दौरान सिंचाई होगी। मुख्यमंत्री ने वहां बांध के ड्राइंग और डिजाइन सहित वहां चल रहे निर्माण कार्य को देखा और मजदूरों से भी बातचीत की। वे इसके बाद बांध निर्माण स्थल के नजदीक ठेंगाडांड ग्राम पंचायत के ही अंतर्गत मनरेगा के चल रहे डबरी निर्माण कार्य को देखने पैदल पहुंचे। जहां पेड़ की छांव में बैठी मजदूर महिलाओं से भी उनकी मुलाकात हुई। डॉ. सिंह ने महिला श्रमिक उर्मिला कोर्राम से पूछा कि उन्होंने पोटली में क्या रखा है ? उर्मिला ने उन्हें बताया कि दोपहर खाने के लिए अमाड़ी भाजी, चटनी और भात रखी हूं। उर्मिला ने मुख्यमंत्री को भी अमाड़ी भाजी, चटनी और भात परोसा। डॉ. सिंह ने बड़े चाव से यह सादा भोजन किया और छत्तीसगढ़ी में ही कहा - येला खाये हे घाम नइ लागै।
उन्होंने उर्मिला के आग्रह पर उनके खेत में कुंआ निर्माण और घर में बिजली कनेक्शन की मंजूरी दी। एक अन्य महिला मजदूर मानमती ने मुख्यमंत्री को स्वादिष्ट तेन्दू खाने को दिया। बाद में मुख्यमंत्री ने कहा - मजदूरों के बीच किसी पेड़ की छांव में चटनी, भात और भाजी का यह भोजन मुझे किसी फाइव स्टार होटल के भोजन से भी ज्यादा स्वादिष्ट लगा।
डॉ. सिंह ने गौरखेड़ा के पास भैनामुड़ा में पेड़ों की छांव में लगी चौपाल में ग्रामीणों की उनकी विभिन्न जरूरतों के बारे में विचार-विमर्श किया। उन्होंने ग्रामीणों ने उन्हें पीडीएस के तहत महिला स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित राशन दुकान के बारे में कुछ शिकायतें की। इस पर मुख्यमंत्री ने इस दुकान का संचालन ग्रामीणों के आग्रह पर सहकारी समिति (लेम्प्स) को देेने का निर्णय लिया। डॉ. सिंह ने जिला कलेक्टर को यह सुनिक्कित करने के निर्देश दिए कि यह राशन दुकान कल से ही लैम्प्स के जरिये शुरू हो जाए। उन्होंने अधिकारियों को आसपास की पांच बसाहटों में तत्परता से विद्युतीकरण के निर्देश दिए। साथ ही प्राथमिक और मिडिल स्कूल में बाउण्ड्री वॉल बनवाने का भी आदेश दिया।

Tags:    

Similar News