पंजाब : शहीद हुए जवानों के परिवारों ने जैश के खिलाफ कार्रवाई को सराहा
पुलवामा हमले में शहीद हुए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के चार जवानों के परिवारों ने मंगलवार को भारतीय वायुसेना द्वारा पाकिस्तान के आतंकवादी शिविरों को तबाह करने के लिए किए गए हवाई हमले की सराहना की
चंडीगढ़। पुलवामा हमले में शहीद हुए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के चार जवानों के परिवारों ने मंगलवार को भारतीय वायुसेना (आईएएफ) द्वारा पाकिस्तान के आतंकवादी शिविरों को तबाह करने के लिए किए गए हवाई हमले की सराहना की। गुरदासपुर जिले के दिनानगर कस्बे के शहीद मनिंदर सिंह अत्री के पिता सतपाल अत्री ने कहा कि आतंकवाद को बढ़ावा देने वालों के लिए हवाई हमले सही जवाब हैं।
सतपाल अत्री ने कहा, "मैं सरकार व अपने रक्षा बलों द्वारा की गई कार्रवाई से खुश हूं। हमारे शहीदों की कुर्बानी का बदला लिया गया है।"
सीआरपीएफ के शहीद जवान जयमाल सिंह के पिता जसवंत सिंह ने मंगलवार को कहा, "हम पाकिस्तान व इसके आतंकवादियों का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए मोदी सरकार के आभारी हैं। इससे शहीदों व उनके परिवारों को धीरज मिलेगा। हम बदले की कार्रवाई के बारे में सुनकर खुश हैं। इसके बाद हमारे जवानों व उनके परिवारों का मनोबल बढ़ा है।"
जयमाल सिंह (44) धरमकोट के घलौटी गांव के रहने वाले थे। वह सीआरपीएफ बस के चालक थे, जिस पर 14 फरवरी को आत्मघाती हमलावर ने हमला किया था।
जयमाल सिंह की विधवा सुखजीत कौर ने कहा, "हम पाकिस्तान के अंदर घुसकर भारतीय वायुसेना के हवाई हमले की खबर से बहुत खुश हैं। यह शुरुआत है। हमें उन (पाकिस्तान व आतंकवादियों) पर हमला करना चाहिए और उन्हें बर्बाद कर देना चाहिए। हम इस साहसी व कड़े फैसले के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आभारी हैं। हमें आज गर्व महसूस हो रहा है।"
पंजाब के दो अन्य सीआरपीएफ शहीदों में तरन तारन के गांदीविंद गांव के सुखजिंदर सिंह व रोपड़ जिले के नूरपुर बेदी इलाके के रौली गांव के कुलविंदर सिंह हैं।