मध्यप्रदेश कांग्रेस विधायक भोपाल गये
मध्यप्रदेश के सियासी घमासान के बीच जयपुर लाये गये कांग्रेस के करीब नब्बे विधायक आज सुबह वापस भोपाल चले गये।
जयपुर। मध्यप्रदेश के सियासी घमासान के बीच जयपुर लाये गये कांग्रेस के करीब नब्बे विधायक आज सुबह वापस भोपाल चले गये।
मध्यप्रदेश में कमलनाथ सरकार को सोमवार को बहुमत साबित करना है और इसी कारण कांग्रेस के जयपुर में ठहरे ये विधायक सुबह भोपाल रवाना हो गये। भोपाल रवाना होने से पहले कांग्रेस के कुछ विधायकों ने कहा कि मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार है और आगे भी रहेगी। उन्होंने दावा कि कांग्रेस की कमलनाथ सरकार अपना बहुमत साबित करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके कुछ विधायकों को बेंगलुरु में बंधक बना रखा है। उन्होंने कहा कि वे विधायक भी उनके साथ ही आने वाले हैं।
जयपुर के दो रिसोर्ट में ठहरे इन विधायकों की संख्या 86 बताई जा रही हैं जो वापस भोपाल लौट गये। उल्लेखनीय है कि गत ग्यारह मार्च को खरीद फरोख्त से बचाने के लिए जयपुर लाये गये थे और जयपुर हवाई अड्डे से तीन बसों में भरकर इन विधायकों को दिल्ली रोड़ स्थित ब्यूना विस्ता एवं ट्री रिसोर्ट में ठहराया गया। इस दौरान राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत तथा कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मुकुल वासनिक एवं उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत तथा अन्य नेताओं से उनसे चर्चा की तथा उनका पूरा ख्याल रखा।
पिछले चार दिन में इन विधायकों ने ज्यादातर समय रिसोर्ट में ही निकाला। हालांकि ये विधायक सीकर जिले में स्थित प्रसिद्ध बाबा खाटूश्याम मंदिर तथा चूरु जिले में स्थित सालासर बालाजी मंदिर में दर्शन करने भी गये। इन दोनों मंदिरों में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं एवं मध्यप्रदेश के इन विधायकों ने कमलनाथ सरकार पर आये संकट बचाने की मन्नत मांगी। सालासर बालाजी में पूजा अर्चना के बाद श्री रावत ने मीडिया से कहा था कि बालाजी ने कई संकट मेटे हैं और बालाजी का आर्शीवाद है कि वह मध्यप्रदेश में भी कांग्रेस सरकार पर आये संकट से मुक्त करेंगे। शनिवार काे कुछ विधायकों ने मेंहंदीपुर बालाजी मंदिर में भी दर्शन किए और सरकार बचाने की मन्नत मांगी।
इसके अलावा इन चार दिनों में विधायकों का मनोरंजन के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किये गये जिसमें मध्यप्रदेश कांग्रेस के इन विधायकों ने लोक संगीत एवं नृत्य का लुत्फ उठाया और राजस्थानी संस्कृति से रुबरु हुए।
दाेनों रिसोर्ट में ठहरे इन विधायकों से कांग्रेस नेताओं की अलग-अलग बैठकें भी हुई। शनिवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत भी विधायकों से फिर मिले। उन्हें आगामी यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं। श्री गहलोत ने ही ग्यारह मार्च को इन विधायकों के जयपुर हवाई अड्डे पर पहुंचने पर उनकी अगवानी की थी।
श्री गहलोत ने भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा है कि कांग्रेस विधायकों को डराया-धमकाया जा रहा है। लालच दिए जा रहे हैं। इसी वजह से इन विधायकों को राजस्थान लाया गया। भाजपा खुलेआम बेशर्मी से खरीद फरोख्त कर रही है।