जापान : होर्मुज पर निर्भरता घटाने की तैयारी, कनाडा से आया कच्चे तेल का पहला शिपमेंट
नई दिल्ली, जापान ने मध्य पूर्व में तनाव बढ़ने के बीच कनाडा से कच्चे तेल की पहली खेप हासिल की है। इस मौके पर जापान की प्रधानमंत्री सनाए तकाइची ने कनाडा को एक महत्वपूर्ण साझेदार बताते हुए इस प्रयास को दोनों देशों के बीच ऊर्जा सहयोग की दिशा में बड़ी सफलता बताया।;
नई दिल्ली, जापान ने मध्य पूर्व में तनाव बढ़ने के बीच कनाडा से कच्चे तेल की पहली खेप हासिल की है। इस मौके पर जापान की प्रधानमंत्री सनाए तकाइची ने कनाडा को एक महत्वपूर्ण साझेदार बताते हुए इस प्रयास को दोनों देशों के बीच ऊर्जा सहयोग की दिशा में बड़ी सफलता बताया।
जापान की प्रधानमंत्री सनाए तकाइची ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पोस्ट में लिखा, ''बुधवार को मध्य पूर्व की स्थिति बिगड़ने के बाद पहली बार कनाडा का कच्चा तेल लेकर एक टैंकर जापान पहुंचा है। कनाडा आर्थिक सुरक्षा के क्षेत्र में जापान का एक महत्वपूर्ण साझेदार है, और यह ऐसा क्षेत्र है जिसे बढ़ावा देने पर मैं स्वयं भी विशेष जोर दे रही हूं।''
तकाइची ने बताया कि इस वर्ष छह मार्च को जब कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी जापान आए थे, तब हमने दोनों देशों के संबंधों को 'व्यापक रणनीतिक साझेदारी' के नए स्तर तक ले जाने पर सहमति जताई थी। साथ ही, हमने 'जापान-कनाडा शिखर सम्मेलन संयुक्त वक्तव्य' पर हस्ताक्षर किए थे, जो दोनों देशों के बीच पहला ऐसा शिखर दस्तावेज था।
खास तौर पर कच्चे तेल के मुद्दे पर, प्रधानमंत्री कार्नी के साथ हुई बैठक में हमने 'कनाडाई कच्चे तेल की खरीद' को जापान-कनाडा रणनीतिक साझेदारी के एक ठोस उदाहरण के रूप में चर्चा का विषय बनाया था।
उन्होंने बताया कि कच्चे तेल की यह आपूर्ति ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में जापान और कनाडा के बीच सहयोग की एक बड़ी सफलता है। इससे पहले दोनों देश एलएनजी (एलएनजी) और छोटे मॉड्यूलर रिएक्टरों (एसएमआर) के क्षेत्र में भी सहयोग कर चुके हैं। यह हमारे लिए बेहद खुशी की बात है और जापान की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिहाज से इसका विशेष महत्व है।
तकाइची ने कहा, ''कनाडा, जो 'मुक्त और खुला इंडो-पैसिफिक' को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी साझा करने वाला एक भरोसेमंद सहयोगी देश है, आगे भी हमारे साथ मिलकर काम करता रहेगा।''
पीएम तकाइची ने कहा कि कच्चे तेल की वैकल्पिक आपूर्ति के बारे में बात करें तो सरकार और निजी क्षेत्र मिलकर ऐसी आपूर्ति व्यवस्थाएं विकसित करने में पूरी कोशिश कर रहे हैं जो होर्मुज स्ट्रेट पर निर्भर न हों। अगस्त महीने के लिए भी फिलहाल हमारा अनुमान है कि बिना तेल भंडार से तेल निकाले, पिछले वर्ष के औसत मासिक स्तर के करीब 100 प्रतिशत आपूर्ति हासिल की जा सकती है।
उन्होंने बताया कि अब तक जापान को मध्य पूर्व और अमेरिका के अलावा मध्य एवं दक्षिण अमेरिका, एशिया-प्रशांत क्षेत्र, मध्य एशिया और अफ्रीका से भी कच्चा तेल मिल चुका है। इस नई खेप के साथ अब कनाडा भी उन देशों की सूची में शामिल हो गया है।
तकाइची ने कहा, ''सरकार आगे भी कच्चे तेल की वैकल्पिक आपूर्ति को बढ़ावा देती रहेगी। हमारा लक्ष्य जापान की कुल जरूरतों को पूरा करना है। साथ ही भंडार से तेल निकालने की जरूरत को कम से कम रखना है। सरकार यह सुनिश्चित करने का प्रयास करेगी कि जापानी लोगों के दैनिक जीवन, आजीविका और देश की आर्थिक गतिविधियों पर किसी तरह का नकारात्मक असर न पड़े।