पाकिस्तान के क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास ब्लास्ट… 23 लोगों की मौत, 47 घायल
धमाका इतना शक्तिशाली था कि आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।;
इस्लामाबाद। Pakistan Blast: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत की राजधानी क्वेटा में रेलवे ट्रैक के पास हुए एक बड़े विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला दिया। इस धमाके में कम से कम 23 लोगों की मौत हो गई, जबकि 47 अन्य घायल बताए जा रहे हैं। धमाका इतना शक्तिशाली था कि आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के बाद सरकारी अस्पतालों में इमरजेंसी घोषित कर दी गई है।
रेलवे लाइन के पास हुआ विस्फोट
रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह धमाका उस समय हुआ जब एक शटल ट्रेन क्वेटा कैंट इलाके की ओर जा रही थी। रेलवे ट्रैक के पास हुए विस्फोट के कारण ट्रेन हादसे का शिकार हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, धमाके की आवाज काफी दूर तक सुनाई दी। इसके बाद इलाके में गोलियों जैसी आवाजें भी सुनाई देने लगीं, जिससे लोगों में भय का माहौल बन गया।
ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से उतरे
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि चमन फाटक के पास ट्रेन को निशाना बनाया गया। विस्फोट के कारण इंजन समेत ट्रेन के तीन डिब्बे पटरी से उतर गए, जबकि दो डिब्बे पलट गए। धमाके का असर इतना जबरदस्त था कि आसपास खड़ी करीब 10 गाड़ियों को भी नुकसान पहुंचा। नजदीकी इमारतों की खिड़कियां और शीशे टूट गए। घटना के बाद पूरे इलाके को सुरक्षा बलों ने घेर लिया और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया गया।
राहत और बचाव अभियान जारी
बलूचिस्तान सरकार के अधिकारी बाबर यूसुफजई ने बताया कि धमाके की सूचना मिलते ही पुलिस, सुरक्षा बल और रेस्क्यू टीमें मौके पर पहुंच गईं। घायलों को मलबे और क्षतिग्रस्त डिब्बों से निकालने का काम तेजी से जारी है। कई यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि कुछ लोगों की तलाश अब भी जारी बताई जा रही है। एहतियात के तौर पर पेशावर जाने वाली जाफर एक्सप्रेस को क्वेटा रेलवे स्टेशन पर रोक दिया गया है।
हमले के पीछे किसका हाथ?
फिलहाल किसी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है। हालांकि पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं। बलूचिस्तान लंबे समय से हिंसा और अलगाववादी गतिविधियों का केंद्र रहा है। यहां सक्रिय कई संगठन पाकिस्तान सरकार के खिलाफ अभियान चलाते रहे हैं और बलूचिस्तान की स्वतंत्रता की मांग करते हैं। इस वजह से शुरुआती जांच में सुरक्षा एजेंसियां आतंकी एंगल और रेलवे ट्रैक को निशाना बनाकर किए गए हमले की संभावना पर भी काम कर रही हैं।
रेल मंत्री ने की हमले की निंदा
पाकिस्तान के रेल मंत्री मोहम्मद हनीफ अब्बासी ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। उन्होंने इसे “कायराना आतंकी हमला” करार दिया। रेल मंत्री ने कहा कि ऐसे हमले आतंकवाद के खिलाफ पाकिस्तान के संकल्प को कमजोर नहीं कर सकते। उन्होंने अधिकारियों से घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
राहत ट्रेन और रेस्क्यू टीम भेजी गई
रेल मंत्री के अनुसार, फंसे हुए यात्रियों को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष रेस्क्यू ट्रक और राहत ट्रेन मौके पर भेजी गई हैं। उन्होंने कहा कि रेलवे सेवाओं को बहाल करने का काम भी जल्द शुरू किया जाएगा ताकि यात्रियों को ज्यादा परेशानी न हो।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना के बाद पाकिस्तान में रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि संवेदनशील इलाकों में रेलवे ट्रैक और सार्वजनिक परिवहन की सुरक्षा मजबूत किए जाने की जरूरत है, क्योंकि इस तरह के हमले आम नागरिकों की जान को खतरे में डालते हैं।