महिला आरक्षण बिल की आड़ में परिसीमन की साजिश: प्रदीप जोगी
हरियाणा में भिवानी शहर जिला अध्यक्ष प्रदीप जोशी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि महिला आरक्षण बिल की आड़ में देशभर में अपने अनुसार परिसीमन करने की कोशिश की जा रही है;
कांग्रेस का आरोप– भाजपा लोकतंत्र से कर रही छेड़छाड़
- बिना शर्त लागू हो महिला आरक्षण: कांग्रेस नेताओं की मांग
- भाजपा पर निशाना– महिला सशक्तिकरण के नाम पर राजनीति
भिवानी। हरियाणा में भिवानी शहर जिला अध्यक्ष प्रदीप जोशी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि महिला आरक्षण बिल की आड़ में देशभर में अपने अनुसार परिसीमन करने की कोशिश की जा रही है।
उन्होंने कांग्रेस कार्यालय में आयोजित संयुक्त पत्रकार वार्ता में यह बात कही।
उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण बिल 2023 में ही पारित हो चुका है और राष्ट्रपति की मंजूरी भी मिल चुकी है। इसके बावजूद सरकार इसे लागू करने से पहले परिसीमन की शर्त जोड़ रही है, जो एक राजनीतिक चाल है। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे सीटों का पुनर्गठन भाजपा के हित में किया जा सकता है, जो लोकतंत्र के लिए घातक है।
श्री प्रदीप जोगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जनता को गुमराह कर रहे हैं, जबकि कांग्रेस इस बिल का पहले ही समर्थन कर चुकी है।
इस मौके पर ग्रामीण संगठन महासचिव संजीव जागलान उपाध्यक्ष रेनू बाला और शीला गौरा ने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा महिलाओं को नेतृत्व में आगे बढ़ाया है।
उन्होंने कहा कि यदि सरकार वास्तव में महिलाओं को अधिकार देना चाहती है तो बिना किसी शर्त के महिला आरक्षण तुरंत लागू किया जाए। परिसीमन को इससे जोड़ना केवल राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास है। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर हमेशा स्पष्ट रुख अपनाया है और लोकतांत्रिक प्रक्रिया से किसी भी तरह की छेड़छाड़ का विरोध किया है।
नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार महिला सशक्तिकरण के नाम पर राजनीति कर रही है और इस मुद्दे पर पूरी सच्चाई सामने नहीं रख रही।