उप्र विधायक के ऊपर फायरिंग की पुष्टि नहीं : एसपी
उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नरैनी विधायक पर गोली चलाए जाने की पुष्टि नहीं हो पाई है।
बांदा | उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नरैनी विधायक पर गोली चलाए जाने की पुष्टि नहीं हो पाई है। पुलिस ने रविवार को इस बात की जानकारी दी। भाजपा विधायक राजकरन कबीर ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में कथित तौर पर आरोप लगाते हुए कहा था कि लहुरेटा की बालू खदान में गुरुवार रात करीब नौ बजे खनन कारोबारी अजित सिंह जादौन ने उनके ऊपर गोली चलाई और जब वह इससे बचने के लिए अपने वाहन में बैठे तो उन्हें ट्रक से कुचलने की कोशिश की गई।
हालांकि, इस पर बांदा जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ. सिद्धार्थ शंकर ने कहा कि विधायक की शिकायत पर सीओ नरैनी से जांच कराई गई और अभी तक की जांच में गोली चलने की पुष्टि नहीं हुई है।
मीणा ने कहा, "अभी तक की जांच में बालू खदान में भाजपा के नरैनी विधायक के ऊपर खनन कारोबारी द्वारा फायरिंग (गोलीबारी) किए जाने की पुष्टि नहीं हुई है।"
गौरतलब है कि अवैध बालू खनन की सूचना पर नरैनी विधायक कबीर गुरुवार रात बिना संबंधित अधिकारियों को साथ लिए लहुरेटा की बालू खदान में पहुंचे। यहां उन्होंने खनन कारोबारी अजित सिंह पर कथित तौर पर उनके ऊपर गोली चलाने और ट्रक से कुचलने की कोशिश करने का आरोप लगाया था।
विधायक ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि यदि उनके सुरक्षाकर्मी आत्मरक्षा में जवाबी गोलीबारी नहीं करते, तो उनकी जान नहीं बच पाती। वहीं, खनन कारोबारी अजित सिंह ने कहा कि विधायक उस रात शराब के नशे में थे और पांच लाख रुपये की मांग कर रहे थे।
सिंह ने कहा, "उन्हें एक लाख रुपये दे दिए गए। अन्य चार लाख रुपये देने को लेकर गाली-गलौज करने के बाद उनके सुरक्षाकर्मियों ने अकारण ही गोली चला दी, जिससे दहशत फैल गई।"
पुलिस की इस शुरुआती जांच के निष्कर्ष से एक बात स्पष्ट होती दिखाई दे रही है। जहां एक ओर विधायक के आरोप झूठे निकले हैं, वहीं खनन कारोबारी के विधायक पर लगाए गए आरोप सच साबित होते दिख रहे हैं।