'द ग्रेट इंडियन किचन' फिल्म का असर पुरुषों पर भी पड़ा
मुंबई, कुछ फिल्में दर्शकों को अपने घर और आसपास की जिंदगी को नए नजरिए से देखने के लिए मजबूर करती हैं। मलयालम फिल्म 'द ग्रेट इंडियन किचन' भी ऐसी ही फिल्मों में शामिल रही है। साल 2021 में आई इस फिल्म ने घर के काम, शादी और महिलाओं से जुड़ी जिम्मेदारियों को लेकर समाज की सोच पर सवाल उठाए।;
मुंबई, कुछ फिल्में दर्शकों को अपने घर और आसपास की जिंदगी को नए नजरिए से देखने के लिए मजबूर करती हैं। मलयालम फिल्म 'द ग्रेट इंडियन किचन' भी ऐसी ही फिल्मों में शामिल रही है। साल 2021 में आई इस फिल्म ने घर के काम, शादी और महिलाओं से जुड़ी जिम्मेदारियों को लेकर समाज की सोच पर सवाल उठाए।
इस पर अब अभिनेत्री निमिषा सजयन ने बताया कि फिल्म देखने के बाद कई पुरुषों ने उन्हें मैसेज करके कहा कि अब वे घर जाकर अपना टिफिन खुद धोने लगे हैं। फिल्म का मकसद महिलाओं को बेचारी दिखाना नहीं बल्कि यह सवाल उठाना था कि घर में महिलाओं की मेहनत को किस तरह आसानी से नजरअंदाज कर दिया जाता है।
आईएएनएस के साथ खास बातचीत में निमिषा सजयन ने फिल्म को मिले प्यार और उसके असर के बारे में बात की। उन्होंने कहा, "आज की महिलाएं आत्मनिर्भर और मजबूत हैं। वे खुद का ख्याल रखने के साथ-साथ परिवार और घर की जिम्मेदारियां भी संभालती हैं। 'द ग्रेट इंडियन किचन' रिलीज होने के बाद मुझे पुरुषों की तरफ से कई मैसेज मिले, जिनमें बदलाव साफ दिखाई दिया। कुछ पुरुषों ने बताया कि अब वे घर जाकर अपना टिफिन खुद साफ करते हैं और कामों में भी हाथ बंटाते हैं।"
उन्होंने कहा, ''फिल्म का मकसद महिलाओं को सिर्फ दुख झेलने वाली या 'बेचारी' दिखाना नहीं था। कहानी इससे कहीं आगे जाती है। फिल्म यह सवाल उठाती है कि घर में महिलाओं के काम को इतना सामान्य क्यों मान लिया जाता है कि उनकी मेहनत दिखाई ही नहीं देती। खाना बनाना, सफाई करना, सबको खाना परोसना और घर की बाकी जिम्मेदारियां अक्सर महिलाओं की तय जिम्मेदारी मान ली जाती हैं जबकि उनके काम को लेकर यह नहीं सोचा जाता कि वह भी थकती हैं और उन्हें भी आराम की जरूरत होती है।''
निमिषा के कहा, ''फिल्म असल में यह दिखाने की कोशिश करती है कि पुरुष महिलाओं के साथ किस तरह व्यवहार करते हैं और किस तरह कई बार उनकी मेहनत को बिना सोचे-समझे अपना अधिकार समझ लिया जाता है। कहानी का असली सवाल यही था कि क्या घर की जिम्मेदारियां सिर्फ महिला की हैं या परिवार के हर सदस्य को इसमें अपना हिस्सा निभाना चाहिए।''
'द ग्रेट इंडियन किचन' में निमिषा ने एक पढ़ी-लिखी महिला का किरदार निभाया था, जिसकी अरेंज मैरिज होती है। शादी के बाद उसकी जिंदगी पूरी तरह बदल जाती है। वह ऐसे घर में पहुंचती है, जहां उससे उम्मीद की जाती है कि वह खाना बनाए, घर का काम करे और पुरुषों की जरूरतों का ध्यान रखे। शुरुआत में वह इन जिम्मेदारियों को निभाने की कोशिश करती है, लेकिन धीरे-धीरे उसे एहसास होता है कि उसकी अपनी पसंद, आजादी और इच्छाओं की कोई खास जगह नहीं है।
फिल्म जनवरी 2021 में सीधे ओटीटी पर रिलीज हुई थी। इसमें निमिषा के साथ सूरज वेंजारामूडु भी अहम भूमिका में थे। फिल्म ने घर और शादी के भीतर महिलाओं के साथ होने वाले व्यवहार को लेकर काफी चर्चा पैदा की थी। बाद में इसका हिंदी रीमेक 'मिसेज' भी बनाया गया, जिसमें सान्या मल्होत्रा मुख्य भूमिका में नजर आईं। जब निमिषा से पूछा गया कि क्या उन्होंने 'मिसेज' देखी है, तो उन्होंने बताया कि अभी तक उन्हें इसे देखने का मौका नहीं मिला है।