मुंबई: Neha Dhupia on Paparazzi: बॉलीवुड अभिनेत्री नेहा धूपिया ने एक बार फिर सेलिब्रिटी प्राइवेसी के मुद्दे को जोरदार तरीके से उठाया है। बुधवार रात एक अवार्ड समारोह से बाहर निकलते समय उन्होंने पैपराजियों को सार्वजनिक रूप से फटकार लगाते हुए कहा कि अभिनेत्रियों के 'बैक शॉट' यानी पीछे से वीडियो और तस्वीरें लेना पूरी तरह अनुचित है। नेहा ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह केवल उनके साथ नहीं, बल्कि किसी भी महिला कलाकार के साथ नहीं होना चाहिए। उनकी यह प्रतिक्रिया ऐसे समय में आई है, जब फिल्म इंडस्ट्री की कई अभिनेत्रियां पहले भी इस तरह की फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी पर आपत्ति जता चुकी हैं।
हेयरस्टाइल पर टिप्पणी के बाद बढ़ा विवाद
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब नेहा धूपिया कार्यक्रम स्थल से बाहर निकल रही थीं, तब कुछ पैपराजियों ने उनके सफेद बालों के साथ किए गए हेयरस्टाइल को लेकर टिप्पणी की। इसके बाद नेहा ने कैमरों की ओर रुख करते हुए नाराजगी जाहिर की। उन्होंने सवाल किया कि आखिर पीछे से वीडियो और तस्वीरें लेने की जरूरत क्या है और ऐसे दृश्य प्रकाशित कौन करता है। नेहा ने पैपराजियों से कहा कि इस तरह की तस्वीरें और वीडियो बनाना बंद किया जाना चाहिए क्योंकि यह कलाकारों की निजता का सम्मान नहीं करता।
'किसी का भी बैक शॉट मत लो'
जब वहां मौजूद कुछ फोटोग्राफरों ने कहा कि वे उनका बैक शॉट नहीं लेंगे, तो नेहा ने जवाब दिया कि मुद्दा केवल उनका नहीं है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि "मेरा नहीं करना है और किसी का भी नहीं करना है। हम बार-बार यही बात कहकर थक चुके हैं।" नेहा ने आगे कहा कि कलाकार जब किसी कार्यक्रम से बाहर आते हैं, तो उनके पीछे-पीछे चलते हुए बैग, कपड़ों या शरीर के पीछे के हिस्से की वीडियो और तस्वीरें लेना उचित नहीं है। उन्होंने पैपराजियों से अपील की कि इस तरह की कवरेज तुरंत बंद की जानी चाहिए।
सम्मानजनक व्यवहार की भी दी सलाह
नेहा धूपिया ने बातचीत के दौरान यह भी कहा कि कलाकार हमेशा मीडिया और फोटोग्राफरों से सम्मानपूर्वक पेश आते हैं और बदले में वही सम्मान मिलने की अपेक्षा रखते हैं। उन्होंने कहा कि कलाकारों की तस्वीरें लेना पैपराजी के काम का हिस्सा है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि निजता और गरिमा की सीमाओं को नजरअंदाज किया जाए। उनका कहना था कि कवरेज और व्यक्तिगत सम्मान के बीच संतुलन बनाए रखना जरूरी है।
पहले भी उठ चुका है यह मुद्दा
बॉलीवुड में यह विषय नया नहीं है। पिछले कुछ वर्षों में कई अभिनेत्रियां सार्वजनिक कार्यक्रमों और एयरपोर्ट लुक के दौरान पीछे से ली गई तस्वीरों और वीडियो पर आपत्ति जता चुकी हैं। जाह्नवी कपूर, नेहा शर्मा और मोना सिंह सहित कई कलाकार पहले भी कह चुके हैं कि इस तरह की फोटोग्राफी उन्हें असहज महसूस कराती है। उनका मानना है कि कैमरों का फोकस किसी कलाकार की मौजूदगी और व्यक्तित्व पर होना चाहिए, न कि ऐसे एंगल पर जो अनावश्यक विवाद या असहजता पैदा करें।
सोनाक्षी सिन्हा ने भी की थी प्राइवेसी की अपील
हाल ही में अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा ने भी पैपराजियों से हाथ जोड़कर उन्हें थोड़ा निजी स्पेस देने की अपील की थी। उन्होंने अनुरोध किया था कि हर समय कैमरों से घेरने के बजाय कलाकारों की व्यक्तिगत सीमाओं का भी सम्मान किया जाए। इन घटनाओं से यह स्पष्ट होता है कि मनोरंजन जगत में प्राइवेसी और मीडिया कवरेज के बीच संतुलन को लेकर बहस लगातार तेज हो रही है।