दिल्ली में सभी PG का होगा सेफ्टी टेस्ट, सत्य निकेतन हादसे के बाद LG ने तय की डेडलाइन
राजधानी दिल्ली में छात्रों के लिए चल रहे पेइंग गेस्ट (PG) आवासों की सुरक्षा को लेकर उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि सभी प्रमुख PG हब में इमारतों का स्ट्रक्चरल ऑडिट एक सप्ताह के भीतर पूरा किया जाए;
एक हफ्ते में पूरा होगा स्ट्रक्चरल ऑडिट
- छात्रों के लिए वैकल्पिक आवास की योजना बनेगी
- पुरानी इमारतों का नियमित सेफ्टी ऑडिट होगा
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में छात्रों के लिए चल रहे पेइंग गेस्ट (PG) आवासों की सुरक्षा को लेकर उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि सभी प्रमुख PG हब में इमारतों का स्ट्रक्चरल ऑडिट एक सप्ताह के भीतर पूरा किया जाए।
एलजी की बैठक
सत्य निकेतन हादसे के बाद लोकनिवास में हुई समीक्षा बैठक में एलजी ने कहा कि छात्रों को असुरक्षित इमारतों से बचाना जरूरी है। हालांकि, बिना जांच के सीलिंग अभियान चलाने से छात्र बेघर हो सकते हैं। इसलिए पहले निरीक्षण किया जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाली इमारतों पर कार्रवाई हो।
वैकल्पिक आवास की योजना
बैठक में शहरी विकास मंत्री आशीष सूद की अध्यक्षता में एक समिति बनाई गई है। यह समिति PG के मौजूदा नियमों की समीक्षा करेगी और छात्रों के लिए वैकल्पिक आवास की संभावनाएं तलाशेगी। एमसीडी और डीडीए की खाली इमारतों को छात्र आवास के रूप में इस्तेमाल करने पर भी विचार होगा।
अवैध निर्माण पर कार्रवाई
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और शहरी विकास मंत्री ने एमसीडी को निर्देश दिया है कि अवैध निर्माण पर तुरंत रोक लगाई जाए और सुरक्षा जांच को प्राथमिकता दी जाए।
छात्रों का डेटाबेस
जून में बनी समिति अब सीधे छात्रों से संपर्क करेगी। उनकी समस्याओं और शिकायतों को दर्ज किया जाएगा और PG में रहने वाले सभी छात्रों का डेटाबेस तैयार किया जाएगा।
पुरानी इमारतों का ऑडिट
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि डीडीए की 50 साल से पुरानी सभी इमारतों का सेफ्टी ऑडिट कराया जाएगा। आगे चलकर हर 10, 5 और 3 साल में नियमित जांच की व्यवस्था होगी। उन्होंने पुनर्निर्माण के लिए पुनर्वास फंड बनाने का भी सुझाव दिया।