गृह मंत्री अमित शाह आज गुजरात में 128 करोड़ रुपए के मधुर डेयरी विस्तार संयंत्र का करेंगे उद्घाटन
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह रविवार को गुजरात के गांधीनगर जिले के दासेला गांव में मधुर डेयरी के 128 करोड़ रुपए की लागत से बने नए अत्याधुनिक दूध प्रोसेसिंग और पैकेजिंग प्लांट का उद्घाटन करेंगे;
नई दिल्ली। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह रविवार को गुजरात के गांधीनगर जिले के दासेला गांव में मधुर डेयरी के 128 करोड़ रुपए की लागत से बने नए अत्याधुनिक दूध प्रोसेसिंग और पैकेजिंग प्लांट का उद्घाटन करेंगे। यह परियोजना जिले के सहकारी डेयरी क्षेत्र के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
गांधीनगर जिला सहकारी दुग्ध उत्पादक संघ लिमिटेड द्वारा तैयार किए गए इस पूरी तरह से ऑटोमेटेड प्लांट की दूध प्रोसेसिंग क्षमता प्रतिदिन 2.5 लाख लीटर है। भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इसे बढ़ाकर 5 लाख लीटर प्रतिदिन तक किया जा सकता है।
इस नए प्लांट के शुरू होने के बाद मधुर डेयरी की कुल दूध प्रोसेसिंग और पैकेजिंग क्षमता बढ़कर 5 लाख लीटर प्रतिदिन हो जाएगी। इसके साथ ही यह गांधीनगर जिले का सबसे बड़ा सहकारी दुग्ध संघ बन जाएगा।
उद्घाटन कार्यक्रम में गुजरात विधानसभा अध्यक्ष शंकर चौधरी, मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष जगदीश विश्वकर्मा और राज्य के कृषि मंत्री जीतू वघानी भी मौजूद रहेंगे।
अधिकारियों के मुताबिक, इस नए प्लांट से डेयरी से जुड़े हजारों दुग्ध उत्पादकों और उपभोक्ताओं दोनों को बड़ा फायदा मिलेगा। नई व्यवस्था के जरिए जिले के किसानों से खरीदे जाने वाले पूरे दूध का प्रोसेसिंग किया जा सकेगा। साथ ही दूध उत्पादकों को उनके दूध का बेहतर और लाभकारी मूल्य मिलने की उम्मीद है।
यह विस्तार गुजरात कोऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन यानी गुजरात सहकारी दुग्ध विपणन संघ के लिए नए डेयरी उत्पादों के निर्माण की क्षमता भी बढ़ाएगा। जीसीएमएमएफ ही अमूल ब्रांड के तहत डेयरी उत्पादों की मार्केटिंग करता है।
मधुर डेयरी ने कहा कि वह लगातार दुग्ध उत्पादक सदस्यों के कल्याण और सहकारी क्षेत्र के विकास के लिए काम करती रही है। डेयरी का उद्देश्य गांधीनगर जिले के डेयरी किसानों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना और उपभोक्ताओं को उचित कीमत पर गुणवत्तापूर्ण दूध उत्पाद उपलब्ध कराना है।
मधुर डेयरी की शुरुआत 6 फरवरी 1971 को केवल चार दूध समितियों और कुछ सहकारी कार्यकर्ताओं के सहयोग से हुई थी। उस समय औसतन केवल 6,433 लीटर दूध प्रतिदिन खरीदा जाता था। लेकिन वर्षों में लगातार विस्तार के चलते वर्ष 2025-26 में औसत दूध खरीद बढ़कर 2.76 लाख लीटर प्रतिदिन पहुंच गई है।
डेयरी की आर्थिक प्रगति भी तेजी से बढ़ी है। शुरुआत में इसका सालाना टर्नओवर करीब 7 लाख रुपए था, जो अब बढ़कर लगभग 628 करोड़ रुपए तक पहुंच गया है। अधिकारियों का कहना है कि लगातार विस्तार, बेहतर सेवाओं और उपभोक्ताओं के भरोसे ने इस विकास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।
मधुर डेयरी ने हाल के वर्षों में कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट और विस्तार योजनाएं शुरू की हैं। सहकारी संस्था का मानना है कि इन प्रयासों से गांधीनगर जिले के दूध उत्पादकों की आर्थिक समृद्धि और अधिक मजबूत होगी।