आम बजट गेम चेंजर : वालमार्ट
नई दिल्ली ! वालमार्ट इंडिया ने वित्त वर्ष 2017-18 के आम बजट को गेम चेंजर करार देते हुए बुधवार को कहा कि भारत को परिवर्तित, ऊजार्युक्त और स्वच्छ
नई दिल्ली ! वालमार्ट इंडिया ने वित्त वर्ष 2017-18 के आम बजट को गेम चेंजर करार देते हुए बुधवार को कहा कि भारत को परिवर्तित, ऊजार्युक्त और स्वच्छ करने का एजेंडा वास्तव में गौर करने लायक है, और 2019 तक एक करोड़ लोगों को गरीबी से निकालने की सरकार की प्रतिबद्धता काबिले तारीफ है। वालमार्ट इंडिया के सीईओ व अध्यक्ष कृष्णा अय्यर ने कहा, "केन्द्रीय बजट 2017 को एक गेम चेंजर कह सकते हैं, जिसमें ग्रामीण क्षेत्र, कृषि और इंफ्रास्ट्रक्च र पर ध्यान दिया गया है और लक्ष्य है औपचारिक अर्थव्यवस्था को बल देना। इन क्षेत्रों में सुनियोजित निवेश से न केवल देश में रोजगार उत्पन्न होंगे, जिनकी बहुत आवश्यकता है, बल्कि लोगों द्वारा किए जाने वाला खर्च भी बढ़ेगा। इससे अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। वित्तीय घाटा भी बहुत अच्छी तरह इस बजट में काबू में रखा गया है।"
अय्यर ने कहा, "कारोबार करने में आसानी पर ध्यान दिया गया है और इसके लिए उपाय किए गए हैं, जैसे- एफआईपीबी को खत्म करना, ठेके की खेती पर आदर्श कानून, चार क्षेत्रों में श्रम कानूनों का सरलीकरण- मजदूरी, औद्योगिक संबंध, सामाजिक सुरक्षा और कल्याण तथा सुरक्षा - अर्थव्यवस्था को बहुत अच्छे से आगे बढ़ाएंगे। निम्नतम ब्रैकेट में आयकर पर राहत सराहनीय है। इससे ग्राहकों में विश्वास लौटेगा और घरेलू खपत बढ़ेगी।"
उन्होंने कहा, "विनिर्माण क्षेत्र को बल देने के उपायों की घोषणा प्रशंसनीय है। सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों की आमदनी पर कर कम करने से मेक इन इंडिया को बढ़ावा मिलेगा। डेयरी प्रोसेसिंग फंड स्थापित करने के प्रस्ताव से खाद्य प्रसंस्करण को बल मिलेगा और एमएसआईपीएस जैसी योजनाओं में ज्यादा आवंटन से इलेक्ट्रॉनिक क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा। मनरेगा में अधिक आवंटन से ग्रामीण क्षेत्र को लाभ होगा।"