ईरान पर ट्रंप की सख्त चेतावनी – “बहुत कड़े कदम” उठाने की तैयारी
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान में चल रही घटनाओं को देखते हुए अमेरिका कड़े कदम उठाने पर विचार कर रहा है

अमेरिकी सेना हालात पर करीबी नजर, मजबूत विकल्पों पर विचार
- प्रदर्शनकारियों की मौत पर ट्रंप का बयान – हिंसा से शासन कर रहा ईरान
- जवाबी कार्रवाई हुई तो अमेरिका देगा अब तक का सबसे कड़ा जवाब
- ईरान में बढ़ती अशांति, ट्रंप बोले – हर घंटे मिल रही रिपोर्ट, जल्द होगा फैसला
वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान में चल रही घटनाओं को देखते हुए अमेरिका कड़े कदम उठाने पर विचार कर रहा है। रिपोर्ट्स में यह बात सामने आई है कि वहां आम नागरिकों की मौत हो सकती है, जिसके बाद अमेरिकी सेना ने हालात की गहराई से समीक्षा शुरू कर दी है।
रविवार को फ्लोरिडा से व्हाइट हाउस लौटते समय एयर फोर्स वन विमान में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि जो हालात दिख रहे हैं, उनसे लगता है कि कुछ ऐसे लोग मारे गए हैं, जिन्हें मारा नहीं जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि वहां जो लोग सत्ता में हैं वे नेतृत्व करने के बजाय हिंसा के सहारे शासन कर रहे हैं।
ट्रंप ने बताया कि अमेरिकी सेना पूरे घटनाक्रम पर करीबी नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा, "हम इसे बहुत गंभीरता से देख रहे हैं। सेना इसे देख रही है, और हम कुछ बहुत मजबूत विकल्पों पर विचार कर रहे हैं। हम फैसला करेंगे।"
जब उनसे पूछा गया कि क्या ईरान ने कोई रेड लाइन पार कर ली है, तो ट्रंप ने किसी भी सैन्य योजना का खुलासा करने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि वह यह नहीं बताएंगे कि हमला कहां, कब और किस तरह किया जाएगा।
राष्ट्रपति ने बताया कि उन्हें ईरान की स्थिति पर लगातार जानकारी दी जा रही है। उन्होंने कहा कि हर घंटे रिपोर्ट मिल रही है और इन्हीं जानकारियों के आधार पर फैसला किया जाएगा।
प्रदर्शनकारियों की मौत को लेकर पूछे गए सवाल पर ट्रंप ने कहा कि कुछ लोगों की मौत भगदड़ के कारण हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि भीड़ बहुत ज्यादा थी और कुछ लोगों को गोली भी लगी।
ईरान या उसके सहयोगियों की ओर से जवाबी कार्रवाई की आशंका पर ट्रंप ने सख्त चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा हुआ तो अमेरिका ऐसा जवाब देगा, जैसा पहले कभी नहीं दिया गया। ईरान इसकी कल्पना भी नहीं कर पाएगा।
ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान को अमेरिका के इरादों को समझ लेना चाहिए। उन्होंने पिछले घटनाक्रमों का जिक्र करते हुए कहा कि वर्षों में कई बड़े खतरों को खत्म किया गया है और अमेरिका अपनी चेतावनी को गंभीरता से लागू करता है।
हालांकि ट्रंप ने यह साफ नहीं किया कि इस मामले में अमेरिका ने अपने सहयोगी देशों से कोई बातचीत की है या नहीं। उन्होंने यह भी नहीं बताया कि अंतिम फैसला कब तक लिया जाएगा।
गौरतलब है कि ईरान में पिछले कुछ हफ्तों से लगातार अशांति देखी जा रही है। देश के कई शहरों में हजारों लोग मौजूदा शासन के खिलाफ सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।


