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अमेरिका और ईरान के बीच दो दिनों में हो सकती है वार्ता, ट्रंप बोले- पाकिस्तान में बैठक की उम्मीद

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ सीधी बातचीत का दूसरा राउंड “अगले दो दिनों में” हो सकता है। यह एक संभावित डिप्लोमैटिक शुरुआत का संकेत है

अमेरिका और ईरान के बीच दो दिनों में हो सकती है वार्ता, ट्रंप बोले- पाकिस्तान में बैठक की उम्मीद
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खाड़ी में अमेरिकी नौसेना ब्लॉकेड, शिपिंग पर असर

  • तेहरान से समझौते की कोशिश, वॉशिंगटन ने दिए संकेत
  • बातचीत की उम्मीद से तेल बाजार में बड़ी गिरावट

वाशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ सीधी बातचीत का दूसरा राउंड “अगले दो दिनों में” हो सकता है। यह एक संभावित डिप्लोमैटिक शुरुआत का संकेत है, जबकि अमेरिका ईरान से जुड़े शिपिंग को टारगेट करते हुए अमेरिकी नौसेना ब्लॉकेड को आगे बढ़ा रही है।

न्यूयॉर्क पोस्ट के साथ एक इंटरव्यू में राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि बातचीत जल्द ही हो सकती है और पाकिस्तान को एक संभावित जगह बताया। उन्होंने इस्लामाबाद का जिक्र करते हुए कहा, "अगले दो दिनों में कुछ हो सकता है, और हम वहां जाने के लिए ज्यादा तैयार हैं।"

बता दें, अमेरिका और ईरान के बीच पहले राउंड की वार्ता घंटो तक चली, लेकिन दोनों पक्षों के बीच कई सहमति नहीं बनी। ट्रंप ने कहा कि शुरुआती प्लान यूरोप की ओर इशारा कर रहे थे, फिर पाकिस्तान की ओर शिफ्ट हो गए।

यह डिप्लोमैटिक कोशिश खाड़ी में बढ़ते तनाव के साथ हुई है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने कहा कि पहले 24 घंटों में ईरानी पोर्ट से कोई भी जहाज उसके ब्लॉकेड से नहीं गुजरा। छह मर्चेंट जहाजों ने अमेरिका के निर्देशों का पालन किया और ओमान की खाड़ी में ईरानी पोर्ट की ओर वापस मुड़ गए।

शिपिंग डेटा में भी मिली-जुली तस्वीर देखने को मिली। ब्लॉकेड शुरू होने के बाद ईरान से जुड़े कई जहाजों को होर्मुज स्ट्रेट से गुजरते हुए ट्रैक किया गया। इसी समय में 20 से ज्यादा कमर्शियल जहाजों ने स्ट्रेट पार किया, जिनमें टैंकर और मालवाहक जहाज शामिल थे। ये जहाज ईरानी पोर्ट से नहीं निकले थे। इससे पता चलता है कि मुख्य जलमार्ग से ट्रैफिक पूरी तरह से बाधित नहीं हुआ है।

उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने जॉर्जिया में कहा कि वाशिंगटन तेहरान के साथ एक बड़ा समझौता करना चाहता है। अमेरिका चाहता है कि ईरान आर्थिक रूप से तरक्की करे, लेकिन तभी जब वह न्यूक्लियर हथियार न बनाने का वादा करे।

इस इलाके में दूसरी जगहों पर भी कूटनीतिक गतिविधि चल रही है। वॉशिंगटन में आमने-सामने की बातचीत के बाद इजरायल और लेबनान “सीधी बातचीत शुरू करने” पर सहमत हुए, इस कदम को ईरान संघर्ष से जुड़े तनाव को स्थिर करने की बड़ी कोशिशों का हिस्सा माना जा रहा है।

संयुक्त राष्ट्र ने लगातार बातचीत जारी रखने की अपील की है। यूएन महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने कहा कि वाशिंगटन और तेहरान के बीच बातचीत फिर से शुरू होने की संभावना है और उन्होंने लगातार डिप्लोमैटिक कोशिशों की अपील की।

बातचीत फिर से शुरू होने की उम्मीद पर बाजार में तुरंत गतिविधि देखने को मिला। यूएस क्रूड फ्यूचर्स लगभग 8 फीसदी गिरकर हफ्तों के सबसे निचले स्तर पर आ गए, जिससे उम्मीद जगी है कि तनाव कम हो सकता है और एनर्जी फ्लो स्थिर हो सकता है।

फिर भी, ब्लॉकेड और उसे लागू करने को लेकर अभी भी अनिश्चितता बनी हुई है। होर्मुज स्ट्रेट से दुनिया भर में तेल शिपमेंट का एक बड़ा हिस्सा जाता है, जिससे यह एनर्जी मार्केट के लिए एक अहम चोकपॉइंट बन जाता है।

अमेरिका-ईरान का टकराव तेहरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम और क्षेत्रीय भूमिका पर केंद्रित दशकों के तनावपूर्ण संबंधों के बाद हुआ है। प्रतिबंधों में राहत के बदले ईरान की न्यूक्लियर गतिविधि को रोकने की पिछली कोशिशें बार-बार रुकी हैं।

होर्मुज स्ट्रेट में किसी भी लगातार रुकावट से ऐतिहासिक रूप से तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव आया है और वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं।


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