कानपुर में खेतों में जा गिरा ट्रेनिंग विमान, गूंजी धमाके की आवाज; दो पायलटों की मौत
गर्ग एविएशन लिमिटेड का टेक्नाम P2006T विमान गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे कानपुर सिविल एयरपोर्ट क्षेत्र से ट्रेनिंग फ्लाइट पर रवाना हुआ था। उड़ान भरने के लगभग 20 मिनट बाद विमान गंगा बैराज के नजदीक कटरी क्षेत्र में नत्थूपुरवा गांव के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया।

कानपुर: Kanpur Plane Crash: उत्तर प्रदेश के कानपुर में गुरुवार को एक दर्दनाक विमान हादसा हो गया। कटरी इलाके में नत्थूपुरवा गांव के पास एक ट्विन इंजन ट्रेनिंग विमान उड़ान के दौरान अचानक अनियंत्रित होकर खेतों में जा गिरा। हादसे में विमान में सवार इंस्ट्रक्टर और ट्रेनी पायलट की मौत हो गई। दुर्घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम ने इलाके को घेरकर मलबे को सुरक्षित किया। हादसे की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो सकी है।
उड़ान भरने के करीब 20 मिनट बाद हुआ हादसा
पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल के मुताबिक, गर्ग एविएशन लिमिटेड का टेक्नाम P2006T विमान गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे कानपुर सिविल एयरपोर्ट क्षेत्र से ट्रेनिंग फ्लाइट पर रवाना हुआ था। उड़ान भरने के लगभग 20 मिनट बाद विमान गंगा बैराज के नजदीक कटरी क्षेत्र में नत्थूपुरवा गांव के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि विमान अचानक तेज आवाज के साथ नीचे आया और खेतों में जा गिरा। विमान के जमीन पर गिरते ही आसपास के गांवों में अफरा-तफरी मच गई। आवाज सुनकर बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल की ओर पहुंच गए।
मलबे से निकाले गए दोनों पायलट
दुर्घटना की सूचना मिलते ही नवाबगंज थाने की पुलिस, प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं। बचाव दल ने विमान के मलबे से दोनों पायलटों को बाहर निकाला। एक पायलट को गंभीर हालत में कानपुर के हैलट अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि हादसे में गुजरात के इंस्ट्रक्टर सचिन भाटिया और कर्नाटक के ट्रेनी पायलट अभिषेक पुजारी की जान गई है। सचिन भाटिया को करीब 3,000 घंटे की उड़ान का अनुभव था।
DGCA ने AAIB को सौंपी जांच
हादसे के बाद विमानन नियामक डीजीसीए ने दुर्घटना की जांच के आदेश दिए हैं। डीजीसीए के अनुसार, P2006T ट्विन इंजन विमान कानपुर के गंगा बैराज के पास दुर्घटनाग्रस्त हुआ। विमान गर्ग एविएशन लिमिटेड का था और कानपुर सिविल एयरपोर्ट क्षेत्र से प्रशिक्षण उड़ान पर था। डीजीसीए ने दुर्घटना की विस्तृत जांच के लिए एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) को जांच करने के लिए कहा है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि विमान किस वजह से अनियंत्रित हुआ और हादसा किन परिस्थितियों में हुआ।
एयरक्राफ्ट के तकनीकी रिकॉर्ड भी खंगाले जाएंगे
पुलिस कमिश्नर ने बताया कि दुर्घटना के बाद घटनास्थल की घेराबंदी कर दी गई है और विमान के मलबे को जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। डीजीसीए विमान की एयरवर्दीनेस, मेंटेनेंस रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच करेगा। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाएंगी कि विमान की उड़ान से पहले उसकी तकनीकी स्थिति कैसी थी और क्या उड़ान के दौरान किसी तरह की तकनीकी समस्या सामने आई थी। हादसे से पहले पायलटों की ओर से किसी तरह की आपात सूचना दी गई थी या नहीं, इसकी भी जांच की जा सकती है।
हादसे के बाद गांव में मचा हड़कंप
आसमान से ट्रेनिंग विमान के खेत में गिरने की खबर फैलते ही नत्थूपुरवा और आसपास के इलाकों में बड़ी संख्या में ग्रामीण जमा हो गए। पुलिस ने भीड़ को घटनास्थल से दूर रखा, ताकि राहत-बचाव और जांच की कार्रवाई प्रभावित न हो। फिलहाल दुर्घटना के कारणों को लेकर कोई आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है। AAIB और विमानन अधिकारियों की जांच के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह सामने आने की उम्मीद है।


