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बारिश ने बदला टी-20 विश्व कप का समीकरण: ऑस्ट्रेलिया बाहर, सेमीफाइनल में भिड़ सकते हैं भारत-पाकिस्तान

श्रीलंका से हार के बाद ऑस्ट्रेलिया के लिए जिंबाब्वे-आयरलैंड मुकाबला निर्णायक बन गया था। कंगारू टीम की नजरें आयरलैंड की जीत पर टिकी थीं, क्योंकि अगर आयरिश टीम जिंबाब्वे को हरा देती तो ऑस्ट्रेलिया के सुपर-8 में पहुंचने की संभावना बनी रहती।

बारिश ने बदला टी-20 विश्व कप का समीकरण: ऑस्ट्रेलिया बाहर, सेमीफाइनल में भिड़ सकते हैं भारत-पाकिस्तान
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पल्लेकल (श्रीलंका)। टी-20 विश्व कप 2026 में मंगलवार को मौसम ने टूर्नामेंट की दिशा ही बदल दी। जिंबाब्वे और आयरलैंड के बीच खेला जाने वाला मुकाबला लगातार बारिश के कारण रद्द कर दिया गया। इस नतीजे का सबसे बड़ा झटका 2021 की चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को लगा, जो सुपर-8 की दौड़ से बाहर हो गई। मैच रद्द होने से जिंबाब्वे और आयरलैंड को एक-एक अंक मिला और इसी एक अंक ने ऑस्ट्रेलिया की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।

ऑस्ट्रेलिया की उम्मीदों पर बारिश

श्रीलंका से हार के बाद ऑस्ट्रेलिया के लिए जिंबाब्वे-आयरलैंड मुकाबला निर्णायक बन गया था। कंगारू टीम की नजरें आयरलैंड की जीत पर टिकी थीं, क्योंकि अगर आयरिश टीम जिंबाब्वे को हरा देती तो ऑस्ट्रेलिया के सुपर-8 में पहुंचने की संभावना बनी रहती। हालांकि, पल्लेकल में लगातार बारिश के कारण टॉस तक नहीं हो सका और मैच रद्द घोषित कर दिया गया। दोनों टीमों को एक-एक अंक मिलने के साथ ही अंक तालिका की तस्वीर साफ हो गई। जिंबाब्वे तीन मैचों में पांच अंक लेकर सुपर-8 में पहुंच गया, जबकि ऑस्ट्रेलिया तीन मैचों में चार अंक के साथ टूर्नामेंट से बाहर हो गया।

जिंबाब्वे की ऐतिहासिक उपलब्धि

पिछले संस्करण में क्वालीफाई करने से चूकने वाली जिंबाब्वे टीम ने इस बार शानदार वापसी की है। सुपर-8 में पहुंचने वाली वह सातवीं टीम बन गई है। जिंबाब्वे की सफलता को उसके संतुलित प्रदर्शन और अहम मौकों पर जीत का परिणाम माना जा रहा है। ग्रुप 1 में अब जिंबाब्वे के साथ भारत, दक्षिण अफ्रीका और वेस्टइंडीज की टीमें हैं। इस ग्रुप को टूर्नामेंट का ‘ग्रुप ऑफ डेथ’ भी कहा जा रहा है, क्योंकि चारों टीमें मजबूत और अनुभवी हैं।

ग्रुप-2 में रोमांच बरकरार

ग्रुप-2 की तस्वीर भी दिलचस्प बनी हुई है। श्रीलंका, इंग्लैंड और न्यूजीलैंड पहले ही सुपर-8 में पहुंच चुके हैं। अंतिम स्थान के लिए पाकिस्तान और अमेरिका के बीच मुकाबला है। पाकिस्तान के लिए समीकरण स्पष्ट है कि उसे सुपर-8 में जगह बनाने के लिए अपना अगला मुकाबला हर हाल में जीतना होगा। हार या मैच रद्द होने की स्थिति में उसका अभियान समाप्त हो सकता है।

भारत-पाक की संभावना

सुपर-8 चरण में प्रत्येक ग्रुप से दो-दो टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। सेमीफाइनल में ग्रुप 1 की शीर्ष टीम का सामना ग्रुप 2 की दूसरे नंबर की टीम से होगा, जबकि दूसरा सेमीफाइनल ग्रुप 2 की शीर्ष टीम और ग्रुप 1 की दूसरे नंबर की टीम के बीच खेला जाएगा। इन समीकरणों के चलते भारत और पाकिस्तान के बीच एक और हाई-वोल्टेज मुकाबले की संभावना बन रही है। अगर भारत ग्रुप 1 में शीर्ष स्थान पर रहता है और पाकिस्तान ग्रुप 2 में दूसरे स्थान पर रहता है, तो दोनों टीमें सेमीफाइनल में आमने-सामने हो सकती हैं। वहीं, यदि भारत ग्रुप 1 में दूसरे स्थान पर रहता है और पाकिस्तान ग्रुप 2 में शीर्ष पर पहुंचता है, तब भी दोनों के बीच टक्कर संभव है। ऐसे में क्रिकेट प्रेमियों को एक और रोमांचक भारत-पाक मुकाबला देखने को मिल सकता है।

पाकिस्तान की दावेदारी मजबूत?

पाकिस्तान की टीम हाल ही में घरेलू सीरीज में ऑस्ट्रेलिया को 3-0 से हराकर आत्मविश्वास से भरी हुई है। अगर वह सुपर-8 में जगह बना लेती है, तो सेमीफाइनल तक पहुंचने की प्रबल दावेदार मानी जा रही है। टीम के गेंदबाजों ने हाल के मुकाबलों में प्रभावशाली प्रदर्शन किया है, जबकि बल्लेबाजी क्रम में भी स्थिरता दिखी है। हालांकि, टूर्नामेंट में निरंतरता बनाए रखना उसके लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी।

इंग्लैंड और न्यूजीलैंड की चुनौतियां

इंग्लैंड भले ही सुपर-8 में पहुंच गया हो, लेकिन उसका प्रदर्शन अब तक साधारण रहा है। नेपाल जैसी अपेक्षाकृत कमजोर टीम ने उसे कड़ी टक्कर दी थी, जबकि वेस्टइंडीज के खिलाफ उसे बड़ी हार का सामना करना पड़ा। न्यूजीलैंड का अभियान भी उतार-चढ़ाव भरा रहा है। अफगानिस्तान के खिलाफ उसे सुपर ओवर में जीत मिली, जो उसकी संघर्षपूर्ण स्थिति को दर्शाती है। वहीं दक्षिण अफ्रीका ने उसे एकतरफा मुकाबले में मात दी। इन नतीजों से साफ है कि ग्रुप-2 में श्रीलंका और संभावित रूप से पाकिस्तान की दावेदारी अपेक्षाकृत मजबूत दिख रही है।

श्रीलंका की वापसी

मेजबान श्रीलंका ने घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाते हुए शानदार प्रदर्शन किया है। ऑस्ट्रेलिया को हराकर उसने टूर्नामेंट में अपनी स्थिति मजबूत की। संतुलित गेंदबाजी और संयमित बल्लेबाजी श्रीलंका की ताकत बनकर उभरी है। घरेलू दर्शकों का समर्थन भी टीम के मनोबल को बढ़ा रहा है, जिससे वह सुपर-8 में खतरनाक प्रतिद्वंद्वी साबित हो सकती है।

हर मुकाबला नॉकआउट जैसा


अब सभी टीमों की नजरें सुपर-8 चरण पर हैं, जहां हर मुकाबला नॉकआउट जैसा होगा। अंक तालिका के छोटे-छोटे अंतर और मौसम की भूमिका टूर्नामेंट की दिशा तय कर सकते हैं। ऑस्ट्रेलिया का बाहर होना इस विश्व कप का अब तक का सबसे बड़ा उलटफेर माना जा रहा है। वहीं जिंबाब्वे की एंट्री ने टूर्नामेंट में नई ऊर्जा भर दी है। आने वाले दिनों में सेमीफाइनल की तस्वीर और साफ होगी, लेकिन फिलहाल इतना तय है कि टी-20 विश्व कप 2026 रोमांच, उलटफेर और संभावित हाई-वोल्टेज मुकाबलों से भरपूर होने जा रहा है। क्रिकेट प्रेमियों की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि कौन सी दो टीमें फाइनल का टिकट कटाने में सफल होंगी।


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