विंबलडन पर फिर छाए जानिक सिनर, ज्वेरेव को हराकर लगातार दूसरी बार जीता खिताब; करियर का पांचवां ग्रैंडस्लैम अपने नाम
इटली के 24 वर्षीय स्टार ने रविवार को खेले गए रोमांचक फाइनल में जर्मनी के एलेक्जेंडर ज्वेरेव को 6-7 (7), 7-6 (2), 6-3, 6-4 से हराकर लगातार दूसरी बार प्रतिष्ठित ग्रास कोर्ट टूर्नामेंट का ताज अपने नाम किया।

लंदन: दुनिया के नंबर एक टेनिस खिलाड़ी जानिक सिनर ने एक बार फिर अपनी बादशाहत साबित करते हुए विंबलडन 2026 का पुरुष एकल खिताब जीत लिया। इटली के 24 वर्षीय स्टार ने रविवार को खेले गए रोमांचक फाइनल में जर्मनी के एलेक्जेंडर ज्वेरेव को 6-7 (7), 7-6 (2), 6-3, 6-4 से हराकर लगातार दूसरी बार प्रतिष्ठित ग्रास कोर्ट टूर्नामेंट का ताज अपने नाम किया। लगभग तीन घंटे 46 मिनट तक चले इस मुकाबले में सिनर ने शानदार वापसी का प्रदर्शन करते हुए अपने करियर का पांचवां ग्रैंडस्लैम खिताब भी हासिल किया।
पहला सेट गंवाने के बाद की दमदार वापसी
ऑल इंग्लैंड क्लब के सेंटर कोर्ट पर खेले गए फाइनल की शुरुआत बेहद प्रतिस्पर्धी रही। पहले सेट में दोनों खिलाड़ियों ने एक-दूसरे को कड़ी टक्कर दी और कोई भी निर्णायक बढ़त हासिल नहीं कर सका। मुकाबला टाईब्रेक तक पहुंचा, जहां एलेक्जेंडर ज्वेरेव ने दबाव में बेहतरीन खेल दिखाते हुए 7-7 के बाद लगातार अंक जीतकर पहला सेट अपने नाम कर लिया। इस बढ़त के साथ ऐसा लग रहा था कि जर्मन खिलाड़ी मुकाबले में मजबूत स्थिति में हैं, लेकिन इसके बाद सिनर ने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया।
दूसरे सेट से बदला मुकाबले का रंग
पहला सेट गंवाने के बाद सिनर ने अपनी रणनीति में बदलाव किया और लंबी रैलियों में ज्वेरेव पर लगातार दबाव बनाना शुरू कर दिया। उनके सटीक ग्राउंड स्ट्रोक, मजबूत सर्विस और शानदार कोर्ट कवरेज ने जर्मन खिलाड़ी को गलतियां करने पर मजबूर कर दिया। दूसरे सेट का फैसला भी टाईब्रेक में हुआ, लेकिन इस बार सिनर पूरी तरह हावी रहे और 7-2 से टाईब्रेक जीतकर मुकाबला एक-एक सेट की बराबरी पर ले आए।
ज्वेरेव की चोट बनी निर्णायक मोड़
तीसरे सेट में मुकाबले का सबसे अहम क्षण तब आया, जब ज्वेरेव एक ड्रॉप शॉट तक पहुंचने की कोशिश में फिसल गए और दाहिने घुटने के बल कोर्ट पर गिर पड़े। दर्द के कारण खेल कुछ देर के लिए रोकना पड़ा और मेडिकल टीम ने उनका उपचार किया। हालांकि ज्वेरेव ने दोबारा कोर्ट पर वापसी की, लेकिन उनकी लय पूरी तरह टूट चुकी थी। इसी का फायदा उठाते हुए सिनर ने अगले ही गेम में उनकी सर्विस तोड़ दी और 5-3 की बढ़त बना ली। अहम मौके पर ब्रेक गंवाने से निराश ज्वेरेव ने अपना गुस्सा रैकेट पर उतारा, लेकिन तब तक मैच पर सिनर की पकड़ मजबूत हो चुकी थी।
चौथे सेट में नहीं दिया कोई मौका
चौथे सेट में भी सिनर ने आक्रामक खेल जारी रखा। उन्होंने 4-3 की महत्वपूर्ण बढ़त हासिल की और फिर उसे अंत तक बरकरार रखा। ज्वेरेव ने वापसी की कोशिश जरूर की, लेकिन दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी ने कोई मौका नहीं दिया। अंतिम अंक जीतते ही सिनर भावुक होकर कोर्ट पर लेट गए और फिर दर्शकों के जोरदार स्वागत के बीच लगातार दूसरी बार विंबलडन ट्रॉफी उठाई।
पांचवां ग्रैंडस्लैम, बढ़ता दबदबा
इस जीत के साथ जानिक सिनर के नाम अब पांच ग्रैंडस्लैम खिताब हो गए हैं। पिछले कुछ वर्षों में उन्होंने हार्ड कोर्ट और ग्रास कोर्ट दोनों पर शानदार प्रदर्शन करते हुए खुद को आधुनिक टेनिस के सबसे मजबूत खिलाड़ियों में शामिल कर लिया है। लगातार दूसरी बार विंबलडन जीतकर उन्होंने पेशेवर युग में ऐसा करने वाले चुनिंदा खिलाड़ियों की सूची में भी जगह बना ली।
ज्वेरेव पर लगातार 10वीं जीत
एलेक्जेंडर ज्वेरेव के खिलाफ यह सिनर की लगातार 10वीं जीत रही। दोनों खिलाड़ियों के बीच हाल के वर्षों में कई बड़े मुकाबले हुए हैं, लेकिन हर बार इटली के स्टार खिलाड़ी ने निर्णायक मौकों पर बेहतर प्रदर्शन किया है। इस फाइनल ने भी साबित किया कि दबाव की परिस्थितियों में सिनर मानसिक रूप से बेहद मजबूत खिलाड़ी हैं।
अब अलकराज की बराबरी पर नजर
इस वर्ष चोट के कारण स्पेन के कार्लोस अलकराज विंबलडन में हिस्सा नहीं ले सके। ऐसे में सिनर ने अपने सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी की गैरमौजूदगी का पूरा फायदा उठाया और एक और ग्रैंडस्लैम अपने नाम कर लिया। अब उनके खाते में पांच मेजर खिताब हैं और उनकी नजर अलकराज के सात ग्रैंडस्लैम खिताबों की बराबरी करने पर होगी। मौजूदा फॉर्म को देखते हुए जानिक सिनर आने वाले वर्षों में पुरुष टेनिस पर अपना दबदबा और मजबूत करते नजर आ सकते हैं।
सिनर के ग्रैंडस्लैम खिताब
आस्ट्रेलियन ओपन : 2024, 2025
फ्रेंच ओपन : 2025
विंबलडन : 2025, 2026
यूएस ओपन : 2024


