नाबालिग अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी से उत्पीड़न का मामला, महिला थाने में FIR दर्ज
पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया है कि वह सवात यानी फ्रेंच बॉक्सिंग की खिलाड़ी है। उसने वर्ष 2025 में उज्बेकिस्तान में आयोजित वर्ल्ड यूथ सवात चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए पदक हासिल किया था। शि

हाजीपुर: बिहार के वैशाली जिले के हाजीपुर से एक नाबालिग अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी के कथित यौन उत्पीड़न, मारपीट और ब्लैकमेल का गंभीर मामला सामने आया है। मुजफ्फरपुर जिले के मिठनपुरा थाना क्षेत्र की रहने वाली खिलाड़ी ने हाजीपुर नगर और महिला थाने में शिकायत दी थी। कई दिनों तक परेशान रहने के बाद अब महिला थाने में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक, पीड़िता की शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की जांच की जा रही है। मामले में सामने आए तथ्यों, संबंधित लोगों के बयानों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
उज्बेकिस्तान में भारत के लिए जीत चुकी हैं पदक
पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया है कि वह सवात यानी फ्रेंच बॉक्सिंग की खिलाड़ी है। उसने वर्ष 2025 में उज्बेकिस्तान में आयोजित वर्ल्ड यूथ सवात चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए पदक हासिल किया था। शिकायत के अनुसार, खिलाड़ी पिछले साल अक्टूबर से अपनी मां के साथ हाजीपुर में एक क्लब का संचालन कर रही है। क्लब में स्थानीय स्तर पर खिलाड़ियों को प्रशिक्षण और खेल से जुड़ी गतिविधियां कराई जाती हैं।
क्लब सदस्य पर गंभीर आरोप
पीड़िता ने प्राथमिकी में क्लब के सदस्य गौतम कुमार गुप्ता पर पिछले करीब आठ महीनों से कथित तौर पर परेशान करने का आरोप लगाया है। शिकायत में छेड़खानी, यौन उत्पीड़न, मारपीट और ब्लैकमेल करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पीड़िता का कहना है कि विरोध करने पर उसे धमकियां दी जाती थीं। शिकायत के मुताबिक, उसे जान से मारने, तेजाब से हमला करने और बदनाम करने की धमकी भी दी गई। इन आरोपों की पुलिस अब जांच कर रही है।
क्लब में घुसकर हंगामा करने का आरोप
शिकायत में 10 अगस्त की शाम की एक कथित घटना का भी जिक्र किया गया है। पीड़िता के मुताबिक, राकेश कुमार गुप्ता, कृष्णा कुमार गुप्ता और कुछ अन्य लोग क्लब में पहुंचे और वहां मौजूद खिलाड़ियों तथा उनके अभिभावकों के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और डराने-धमकाने की कोशिश की। आरोप है कि अगले दिन 11 अगस्त की सुबह भी कई लोग क्लब पहुंचे। पीड़िता का कहना है कि करीब आठ से दस लोगों ने वहां पहुंचकर उसके और उसकी मां के साथ मारपीट तथा दुर्व्यवहार का प्रयास किया।
13 अगस्त को फिर विवाद का आरोप
शिकायत के अनुसार, 13 अगस्त की शाम भी कुछ लोग क्लब में पहुंचे और वहां कथित तौर पर मारपीट की गई। इस दौरान पीड़िता के भाई का मोबाइल फोन छीनने का भी आरोप लगाया गया है। पीड़िता ने कहा है कि उसे लगातार क्लब बंद करने के लिए दबाव और धमकियां दी जा रही थीं। इन घटनाओं के कारण वह मानसिक रूप से परेशान थी और इसी वजह से शिकायत दर्ज कराने में देरी हुई।
महिला थाने ने शुरू की जांच
मामले में महिला थाना पुलिस ने पीड़िता के आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है। महिला थानाध्यक्ष ने बताया कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों और घटनाओं से जुड़े प्रत्येक पहलू की जांच की जा रही है। पुलिस अब शिकायत में नामजद लोगों से पूछताछ, घटनाओं से जुड़े साक्ष्यों की जांच और अन्य जरूरी कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ा सकती है।
खिलाड़ी की सुरक्षा को लेकर भी सवाल
मामला सामने आने के बाद नाबालिग खिलाड़ी की सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई जा रही है। वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं और हाजीपुर में अपनी मां के साथ खेल गतिविधियों से जुड़ा क्लब चला रही थीं। फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि शिकायत में लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। चूंकि मामला नाबालिग से जुड़ा है, इसलिए जांच के दौरान उसकी पहचान और निजी जानकारी की गोपनीयता बनाए रखना भी कानूनी रूप से महत्वपूर्ण है।


