Top
Begin typing your search above and press return to search.

बर्फ से ढकी नीती और माणा घाटी, आईटीबीपी के जवान चीनी सीमा क्षेत्र में कर रहे पहरेदारी

चमोली जिले से लगा चीन सीमा क्षेत्र बर्फ से ढका हुआ है। नीती और माणा घाटी में चारों ओर बर्फ की मोटी चादर बिछी हुई है

बर्फ से ढकी नीती और माणा घाटी, आईटीबीपी के जवान चीनी सीमा क्षेत्र में कर रहे पहरेदारी
X

चमोली। चमोली जिले से लगा चीन सीमा क्षेत्र बर्फ से ढका हुआ है। नीती और माणा घाटी में चारों ओर बर्फ की मोटी चादर बिछी हुई है। नीती घाटी में मलारी से आगे सड़क से लेकर गांव भी बर्फ के आगोश में हैं। चीन सीमा क्षेत्र होने के कारण नीती घाटी में मलारी से आगे सेना और आईटीबीपी तैनात रहती है, लेकिन चारों ओर से बर्फ जमी होने के कारण जवानों को भी आवाजाही करने में दिक्कत उठानी पड़ रही है। दूसरी ओर बदरीनाथ धाम में लगातार बर्फबारी होने से तीर्थ पुरोहित परेशान हैं। श्री बदरीश पंडा पंचायत ने जिलाधिकारी चमोली को पत्र भेजकर जानकारी मांगी है। कहा कि लगातार हो रही बर्फबारी से धाम में स्थित उनके घरों के ऊपर करीब छह फीट तक बर्फ जमा हो चुकी है। जिससे उनके घरों को नुकसान पहुंचने की संभावना है। पंडा पंचायत अध्यक्ष प्रवीन ध्यानी व सचिव रजनीश मोतीवाल के अनुसार पिछले वर्षों में जब भी बदरीनाथ धाम में ज्यादा बर्फबारी हुई है। तीर्थ पुरोहितों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।

बताया कि, उन्हें धाम में नर नारायण पर्वत पर हुई भारी बर्फबारी की जानकारी सोशल मीडिया, टीवी चैनलों, अखबारों के माध्यम से मिल रही है। धाम में जहां नारायण पर्वत पर नब्बे फीसदी निवास तीर्थ पुरोहितों के हैं। वहीं नर पर्वत के पास भी उनके काफी आवास व तीर्थ यात्री निवास बने हैं। नीती घाटी में सेना के वाहनों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) की ओर से सीमा क्षेत्र में 12 जेसीबी लगाई गई हैं। घाटी का अंतिम गांव नीती भी इन दिनों बर्फ से ढका हुआ है। बीते दिनों हुई बर्फबारी से यहां अच्छी बर्फ जमी हुई है।

शीतकाल में यहां रहने वाले भोटिया जनजाति के ग्रामीण जिले के निचले क्षेत्रों में रहते हैं। अप्रैल माह से ग्रामीण अपने पैतृक गांवों में लौट जाएंगे। यदि मौसम का मिजाज बिगड़ा और बर्फ पड़ी तो ग्रामीणों को भी अपने पैतृक गांव लौटने में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। बीआरओ के कमांडर कर्नल मनीष कपिल ने बताया कि नीती घाटी में मलारी से आगे हाईवे को रिमखिम तक खोल दिया गया है, लेकिन क्षेत्र में पल-पल मौसम बिगड़ रहा है, जिससे दोबारा हाईवे पर बर्फ जम रही है। नीती गांव को जोड़ने वाली सड़क से भी बर्फ हटाई जा रही है।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it