शिक्षा के साथ खेलकूद व सांस्कृतिक कार्यक्रम में हिस्सा लेना चाहिए : खंडाल
रामईश संस्थान का वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया गया,जिसमें मुख्य अतिथि डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम विश्वविद्यालय लखनऊ के पूर्व कुलपति एवं इंडिया गिलायकोल इंडिया के एशिया प्रमुख डॉ. आर. के. खंडाल शामिल हुए

ग्रेटर नोएडा। रामईश संस्थान का वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया गया,जिसमें मुख्य अतिथि डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम विश्वविद्यालय लखनऊ के पूर्व कुलपति एवं इंडिया गिलायकोल इंडिया के एशिया प्रमुख डॉ. आर. के. खंडाल शामिल हुए। विशिष्ट अतिथि के रूप में एनसीईआरटी के पूर्व सलाहकार डॉ. शर्मा रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित व गणेश वंदना से किया गया।
कार्यक्रम में गतमाह आयोजित की गई खेल प्रतियोगिताओं, सांस्कृतिक कार्यक्रमों के विजेताओं एवं विभिन्न कोर्सों के मेधावी छात्रों को स्मृति चिन्ह, नकद पुरस्कार एवं छात्रवृति देकर को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में स्कूल, फार्मेसी, इंजीनियरिंग और बीएड के बेहतर रिजल्ट देने वाले शिक्षकों को भी सम्मानित किया गया। फार्मेसी विभाग के शिक्षक राहुल कौशिक एवं आयन गिरी को यूनिवर्सिटी में अच्छा परीक्षाफल लाने के लिए सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में छात्रों द्वारा विभिन्न मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गई और रामईश मंजरी का लोकार्पण किया गया। इस मौके पर विशिष्ट अथिथि डॉ. शर्मा ने कहा कि छात्रों की प्रतिभा को निखारने के लिए प्रतिभा का सम्मान बेहद जरूरी है इससे छात्रों को और अच्छा करने की प्रेरणा मिलती है। मुख्यातिथि डॉ. खंडाल ने कहा कि छात्रों को शिक्षा के साथ साथ खेलकूद, संगीत, नृत्य आदि भी सीखने चाहिए जिससे एक विद्यार्थी का संपूर्ण विकास हो सके। कार्यक्रम में रामईश संस्थानों के चेयरमैन डॉ. आर. सी. शर्मा, प्रबंध निदेशिका डॉ. प्रतिभा शर्मा, फार्मेसी विभाग के प्राचार्य डॉ. जैनेन्द्र जैन, डॉ. संगीता गुप्ता, डॉ. शिखा सिंह, डॉ. आशीष, डॉ. पल्लवी राय व छात्रों के परिजन आदि मौजूद रहे।


