निजी शौचालयों को भी कर लिया सूची में शामिल
कलेक्टर के जनदर्शन में आज भारी संख्या में फरियादी पहुंचे।

बिलासपुरष। कलेक्टर के जनदर्शन में आज भारी संख्या में फरियादी पहुंचे। शौचालय निर्माण में अनियिमता शराब की अवैध बिक्री मुआवजा व अन्य कई समस्याओं के आवेदन आए। जिस पर संबंधित अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई की बात कही। ज्ञात हो कि दीपावली पर्व के बाद आज मंथन में पहला जनदर्शन था, जिसमें आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से काफी संख्या में फरियादी पहुंचे थे।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय निर्माण कार्य में ग्राम गढ़वट में भारी अनियमितता का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच, सचिव, इंजीनियर ने निजी शौचालयों को भी योजना में शामिल होना बता दिया है। इन्हीं सब समस्याओं को लेकर आज ग्रामीण कलेक्टर पहुंचे।
कलेक्ट्रेट में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम में जनता कांगे्रस के वरिष्ठ नेता अनिल टाह के नेतृत्व में गढ़वट के ग्रामीण बड़ी संख्या में कलेक्ट्रेट पहुंचे। ग्रामीणों ने 7 बिंदुओं पर अपनी समस्या को अधिकारियों के समक्ष रखी। गढ़वट में शौचालय निर्माणमें अनियमितता की गई है।
यहां पर व्यक्तिगत शौचालय की सरपंच सचिव कीमिली भगत से योजना के तहत निर्माण कार्य होना बता दिया गया है जबकि इस गांव में अभी भी ग्रामीण शौच के लिये खुले में जाने के लिये मजबूर है। इसके लिये उन्हें लगातार 500 रुपये का जुर्माना किया जा रहा है। इस पूरे मामले की जांच को लेकर श्री टाह ने आज अधिकारी से मुलाकात कर उचित कार्रवाई की मंाग की है। इस मौके पर बड़ी संख्या में पुरुष एवं महिलाएं उपस्थित रही।
शराब की अवैध बिक्री की शिकायत
उच्चभट्ठी खुर्द में अवैध शराब की बिक्री धड़ल्ले से हो रही है। इसके चलते गांव में अशांति का माहौल व्याप्त है। इस पर रोक लगाने की मंाग को लेकर ग्रामीण कलेक्टर पहुचे थे।
इस संबंध में ग्रामीणों ने बताया कि गांव अवैध कच्ची शराब की बिक्री हो रही है। पूर्व में शिकायत हुई थी जिस पर एक दो बार कार्रवाई की गई लेकिन बाद में ठप हो गई। अब फिर से क्षेत्र अवैध कच्ची शराब की बिक्री तेज हो गई है। इससे परेशान महिलाएं और पुरुष कलेक्ट्रेट में पहुंचे। ग्रामीणों ने अधिकारी से मुलाकात कर अपनी शिकायत दर्ज कराई है।
ग्रामीणों ने मांगा मुआवजा
केवतरा के ग्रामीणों की अधिग्रहण के बाद मुआवजा राशि नहीं मिलने को लेकर आज कलेक्ट्रेट में पहुंचे थे। ग्रामीणों से सड़क चौड़ीकरण के लिये खेत की भूमि अधिगृहित की गई थी लेकिन मुआवजा नहंी मिल पाया। इस सिलसिले में ग्रामीणों ने बताया कि अधिकारियों से मुलाकात कर चुके हैं लेकिन मामजा आज भी जस का तस है। इस मामले में आज जनदर्शन में फिर सेग्रामीण पहुंचे। इन सभी की मंाग मुआवजा राशि कोलेकर थी। इस संबंध में ग्रामीणों ने अधिकारी से मुलाकात कर अपनी पीड़ा सामने रखी।


