बच्चों के पासपोर्ट के नियम बदले, अब 18 साल तक वैध रहेगा पासपोर्ट; फीस में भी बड़ा बदलाव
नए नियम का सबसे बड़ा बदलाव बच्चों के पासपोर्ट की वैधता को लेकर है। पहले 15 साल से कम उम्र के बच्चे का 36 पेज वाला सामान्य पासपोर्ट पांच साल या बच्चे के 15 साल की उम्र तक वैध रहता था। अब उम्र की सीमा बढ़ाकर 18 साल कर दी गई है।

नई दिल्ली: विदेश मंत्रालय ने नाबालिगों के पासपोर्ट से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। नए नियम के तहत 15 साल से कम उम्र के बच्चों को जारी होने वाला 36 पेज का सामान्य पासपोर्ट अब पासपोर्ट जारी होने की तारीख से 5 साल या बच्चे के 18 साल का होने तक, जो भी पहले हो, वैध रहेगा। पहले यह सीमा 15 साल की उम्र तक थी। इसके साथ ही पासपोर्ट सेवाओं की फीस में भी बदलाव किया गया है, जिससे सामान्य और तत्काल दोनों तरह की सेवाएं महंगी हो गई हैं।
15 साल की जगह अब 18 साल की सीमा
नए नियम का सबसे बड़ा बदलाव बच्चों के पासपोर्ट की वैधता को लेकर है। पहले 15 साल से कम उम्र के बच्चे का 36 पेज वाला सामान्य पासपोर्ट पांच साल या बच्चे के 15 साल की उम्र तक वैध रहता था। अब उम्र की सीमा बढ़ाकर 18 साल कर दी गई है। हालांकि, पांच साल की अधिकतम अवधि बरकरार रखी गई है। यानी पासपोर्ट जारी होने के पांच साल पूरे होने या बच्चे के 18 साल का होने में से जो भी पहले होगा, उसी दिन पासपोर्ट की वैधता समाप्त हो जाएगी।
14 साल के बच्चे का उदाहरण समझिए
मान लीजिए किसी बच्चे ने 14 साल की उम्र में पासपोर्ट बनवाया। पुराने नियम के तहत उसका पासपोर्ट 15 साल की उम्र तक ही वैध रहता था। यानी बच्चे को अपेक्षाकृत कम अवधि में दोबारा पासपोर्ट की जरूरत पड़ सकती थी। नए नियम में यही पासपोर्ट 18 साल की उम्र तक वैध रह सकेगा, क्योंकि बच्चे के 18 साल का होने का समय पांच साल की सीमा से पहले आ रहा है। इस तरह खासतौर पर 12 से 14 साल की उम्र में पासपोर्ट बनवाने वाले बच्चों को पहले की तुलना में अधिक अवधि मिल सकती है।
पासपोर्ट बनवाना अब महंगा
वैधता में बदलाव के साथ पासपोर्ट सेवाओं के शुल्क में भी बढ़ोतरी की गई है। दिए गए शुल्क ढांचे के मुताबिक 18 साल से कम उम्र के बच्चों के 36 पेज वाले सामान्य पासपोर्ट की फीस ₹1,000 से बढ़कर ₹1,750 हो गई है। वहीं तत्काल सेवा के लिए अब ₹4,250 देने होंगे, जबकि पहले यह शुल्क ₹3,000 था। वयस्कों के लिए भी अलग-अलग श्रेणियों में फीस बढ़ाई गई है। 36 पेज के सामान्य पासपोर्ट का शुल्क ₹1,500 से बढ़कर ₹2,500 और 60 पेज वाले पासपोर्ट का शुल्क ₹2,000 से बढ़कर ₹3,500 हो गया है।
तत्काल पासपोर्ट की नई फीस
तत्काल सेवा में भी शुल्क बढ़ाया गया है। 36 पेज वाले वयस्क पासपोर्ट के लिए अब ₹5,000 और 60 पेज वाले पासपोर्ट के लिए ₹6,000 का भुगतान करना होगा। पहले इनकी फीस क्रमशः ₹3,500 और ₹4,000 थी। पासपोर्ट खोने या खराब होने की स्थिति में तत्काल आधार पर 60 पेज का डुप्लीकेट पासपोर्ट जारी कराने की फीस भी ₹5,500 से बढ़ाकर ₹8,500 कर दी गई है।
बच्चों और वरिष्ठ नागरिकों को 10 फीसदी छूट
फीस बढ़ने के बावजूद कुछ श्रेणियों में छूट जारी रहेगी। 8 साल से कम उम्र के बच्चों और 60 साल से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों को नए पासपोर्ट आवेदन पर 10 फीसदी की छूट मिलती रहेगी। हालांकि, यह छूट पासपोर्ट के री-इश्यू आवेदन पर लागू नहीं होगी। नई शुल्क व्यवस्था में सामान्य पासपोर्ट के अलावा तत्काल सेवा, पासपोर्ट नवीनीकरण, खोए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट के बदले नया पासपोर्ट तथा पुलिस क्लीयरेंस सर्टिफिकेट जैसी सेवाएं भी शामिल हैं।
17 सितंबर को राजपत्र में प्रकाशित हुए नियम
विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट नियम संशोधन नियम, 2026 में बदलाव किए हैं। आपके दिए विवरण के अनुसार, नियमों को 15 सितंबर को अधिसूचित किया गया और 17 सितंबर को भारत के राजपत्र में प्रकाशित किया गया। इसके जरिए 1980 के पासपोर्ट नियमों में संशोधन किया गया है। नए प्रावधानों के बाद 15 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए पासपोर्ट की वैधता को समझने का आसान तरीका यही है कि जारी होने की तारीख से पांच साल और 18 साल की उम्र—इन दोनों में जो पहले आए, वही अंतिम वैधता सीमा होगी। 18 साल की उम्र के बाद बच्चे को वयस्क श्रेणी में पासपोर्ट के लिए आवेदन करना होगा।


