मुहर्रम जुलूस के बीच मुंबई पुलिस की कार्रवाई, 15,000 जहरीले कैप्सूल बरामद, एक गिरफ्तार
मुंबई पुलिस ने मुहर्रम के मौके पर एक बेहद खौफनाक और बड़े पैमाने पर लोगों को नुकसान पहुंचाने वाली साजिश को नाकाम कर दिया। इस मामले में पुलिस ने पुणे के रहने वाले एक शख्स को गिरफ्तार किया है, जो मुहर्रम के जुलूस में शामिल लोगों को पेन किलर का झांसा देकर एक बेहद खतरनाक और जहरीला पदार्थ 'जिंक फास्फाइड' बांटने की फिराक में था।

मुंबई। मुंबई पुलिस ने मुहर्रम के मौके पर एक बेहद खौफनाक और बड़े पैमाने पर लोगों को नुकसान पहुंचाने वाली साजिश को नाकाम कर दिया। इस मामले में पुलिस ने पुणे के रहने वाले एक शख्स को गिरफ्तार किया है, जो मुहर्रम के जुलूस में शामिल लोगों को पेन किलर का झांसा देकर एक बेहद खतरनाक और जहरीला पदार्थ 'जिंक फास्फाइड' बांटने की फिराक में था।
इसी को लेकर डीसीपी जयंत मीणा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि शुक्रवार की रात भायखला पुलिस स्टेशन के क्षेत्र में मुहर्रम का जुलूस निकाला जा रहा था। इसी दौरान मुंबई पुलिस की एक विशेष टीम को एक व्यक्ति की गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जो वहां मौजूद लोगों को कुछ कैप्सूल बेच रहा था।
पुलिस ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए बिना किसी अनुमति के कैप्सूल बांट रहे इस शख्स को हिरासत में ले लिया और उसके पास से शुरुआती स्टॉक को जब्त कर लिया। इसके बाद पुलिस ने शख्स का मोबाइल नंबर, आधार और पासपोर्ट की जानकारी लेकर जांच शुरू की।
शुरुआती पूछताछ कर उससे जरूरी डिटेल्स लेकर आरोपी को छोड़ने के बाद सुबह करीब 4 बजे पुलिस को एक एमएलसी (मेडिकल लीगल केस) रिपोर्ट मिली, जहां सलमान सैयद नाम के एक पीड़ित को अचानक तेज पेट दर्द और उल्टी की शिकायत के बाद अस्पताल लाया गया था। पीड़ित ने बताया कि उसने जुलूस के दौरान एक अनजान शख्स से कैप्सूल लेकर खाया था। इस सूचना के बाद पुलिस तुरंत हरकत में आई और टेक्निकल सर्विलांस के आधार पर आरोपी को उसके ठिकाने से धर दबोचा।
पकड़े गए आरोपी की पहचान फैयाज प्रेमजी (उम्र 39 वर्ष) के रूप में हुई है, जो विमान नगर, पुणे का रहने वाला है। पुलिस ने खुलासा किया कि आरोपी फैयाज वर्ष 2025 में ईरान और इराक जैसे देशों की यात्रा कर चुका है, जिसके चलते पुलिस इस मामले में किसी बड़े इंटरनेशनल नेटवर्क या आतंकी कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही है।
डीसीपी जयंत मीणा ने बताया कि आरोपी का खुद का पेंट का बिजनेस है, जिसकी आड़ में उसने एक दूसरी कंपनी से 50 किलोग्राम जिंक फास्फाइड मंगवाया था। इसके साथ ही उसने ऑनलाइन करीब 30,000 खाली कैप्सूल ऑर्डर किए थे।
डीसीपी ने बताया कि आरोपी पिछले 15 दिनों से अपने घर पर हर खाली कैप्सूल में 1-1 ग्राम 'जिंक फास्फाइड' भरकर भारी मात्रा में स्टॉक तैयार कर रहा था। पुलिस ने अब तक की छापेमारी में 14,900 (करीब 15 हजार) जहरीली कैप्सूल्स को सफलतापूर्वक बरामद कर लिया है।
आरोपी का मकसद इस भीड़भाड़ वाले धार्मिक जुलूस को टारगेट कर हजारों लोगों को गंभीर क्षति पहुंचाना था। वह लोगों से झूठ बोल रहा था कि यह कैप्सूल उनके शरीर के दर्द को तुरंत दूर कर देगी। पुलिस ने समय रहते उसे दबोच कर एक बहुत बड़ी त्रासदी और संभावित जनहानि को टाल दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आरोपी से कड़ाई से पूछताछ कर रही है, ताकि इस साजिश के पीछे छिपे अन्य चेहरों को बेनकाब किया जा सके।


