Top
Begin typing your search above and press return to search.

भूस्खलन के कारण जम्मू-श्रीनगर हाईवे ठप: काजीगुंड में फंसे सैकड़ों अमरनाथ यात्री, यात्रा रोकी गई

जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में भूस्खलन और पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो गया है। इसके चलते अमरनाथ यात्रा से लौट रहे सैकड़ों श्रद्धालु काजीगुंड के मीर बाजार स्थित यात्री निवास में फंस गए हैं।

भूस्खलन के कारण जम्मू-श्रीनगर हाईवे ठप: काजीगुंड में फंसे सैकड़ों अमरनाथ यात्री, यात्रा रोकी गई
X

कुलगाम। जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में भूस्खलन और पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो गया है। इसके चलते अमरनाथ यात्रा से लौट रहे सैकड़ों श्रद्धालु काजीगुंड के मीर बाजार स्थित यात्री निवास में फंस गए हैं।

बाबा बर्फानी के दर्शन करने के बाद वे अपने घरों की ओर लौट रहे थे, लेकिन रास्ते में हाईवे बंद होने के कारण उन्हें रुकना पड़ा। कई श्रद्धालुओं का कहना है कि वे पिछले एक-दो दिनों से यातायात खुलने का इंतजार कर रहे हैं।

महाराष्ट्र से आए एक बुजुर्ग तीर्थयात्री ने बताया कि उन्होंने सफलतापूर्वक अमरनाथ यात्रा पूरी कर ली है। उन्होंने कहा कि रास्ता बंद होने के कारण थोड़ी परेशानी हो रही है, लेकिन सरकार की ओर से लंगर, रहने और अन्य जरूरी सुविधाओं की अच्छी व्यवस्था की गई है। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था की भी तारीफ करते हुए कहा कि श्रद्धालुओं को किसी तरह का डर नहीं है।

उन्होंने बताया कि यात्री निवास में बड़ी संख्या में लोग रुके हुए हैं। अनुमान के मुताबिक यहां करीब एक हजार से डेढ़ हजार श्रद्धालु मौजूद हैं। प्रशासन की ओर से हर संभव सहायता दी जा रही है, लेकिन सभी को रास्ता खुलने का इंतजार है।

वहीं, गोविंद कुमार नामक एक तीर्थयात्री ने बताया कि उनकी यात्रा बहुत अच्छी रही। दर्शन के दौरान किसी तरह की परेशानी नहीं हुई, लेकिन वापसी के समय यातायात जाम के कारण दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि एक दिन से ज्यादा समय से वे रास्ता खुलने का इंतजार कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने सुरक्षा इंतजामों को बेहतर बताया और कहा कि प्रशासन तथा सुरक्षाबलों की व्यवस्था में कोई कमी नहीं है।

उन्होंने बताया कि पहले उन्हें काजीगुंड में रुकने के लिए कहा गया था। बाद में वे श्रीनगर गए और वहां होटल में ठहरे। उनकी मुख्य समस्या केवल यह है कि बंद मार्ग के कारण आगे बढ़ना संभव नहीं हो पा रहा है। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द रास्ता खोलने की अपील की।

दिल्ली से आईं प्रीति देवी ने बताया कि उन्होंने 23 जुलाई को यात्रा शुरू की थी और 26 जुलाई को बाबा अमरनाथ के दर्शन कर लिए थे। इसके बाद से वह कई दिनों से यहां रुकी हुई हैं। उन्होंने बताया कि पहाड़ टूटने और रास्ता बंद होने के कारण यात्रियों को आगे जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है।

प्रीति देवी ने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह ठीक है और सीआरपीएफ व पुलिस के जवान लगातार यात्रियों की मदद कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि परेशानी केवल मार्ग बंद होने की वजह से है।



Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it