नितिन नबीन की नई BJP टीम का ऐलान, स्मृति ईरानी महासचिव तो वसुंधरा राजे-राम माधव को उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी
नितिन नबीन की नई टीम में स्मृति ईरानी की नियुक्ति को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमेठी की पूर्व सांसद और केंद्रीय मंत्री रह चुकीं ईरानी को पार्टी संगठन में महासचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वह राष्ट्रीय स्तर पर संगठन के कामकाज में अहम भूमिका निभाएंगी।

नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने सोमवार को अपनी नई राष्ट्रीय टीम का ऐलान कर दिया। करीब सात महीने पहले पार्टी अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभालने के बाद नबीन की टीम का लंबे समय से इंतजार किया जा रहा था। नई टीम में कई पुराने चेहरों को बरकरार रखने के साथ कुछ प्रमुख नेताओं को नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महासचिव बनाया गया है, जबकि राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और भाजपा के वरिष्ठ नेता राम माधव को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी मिली है।
स्मृति ईरानी को महासचिव की अहम जिम्मेदारी
नितिन नबीन की नई टीम में स्मृति ईरानी की नियुक्ति को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अमेठी की पूर्व सांसद और केंद्रीय मंत्री रह चुकीं ईरानी को पार्टी संगठन में महासचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वह राष्ट्रीय स्तर पर संगठन के कामकाज में अहम भूमिका निभाएंगी। नई टीम में कुल आठ राष्ट्रीय महासचिव बनाए गए हैं। इनमें सुनील बंसल, विनोद तावड़े, बिप्लब देव, स्मृति ईरानी, सतीश पूनिया, गजेंद्र पटेल, हरीश द्विवेदी और संजय भाटिया शामिल हैं।
वसुंधरा राजे और राम माधव की बड़ी भूमिका
भाजपा ने राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया है। वहीं, पार्टी के वरिष्ठ नेता राम माधव की भी संगठन में वापसी हुई है। उन्हें राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है। राम माधव पहले भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव के तौर पर संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा चुके हैं। नई टीम में कुल 11 राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाए गए हैं। इनमें वसुंधरा राजे, राम माधव, तीरथ सिंह रावत, बैजयंत जय पांड्या, रेखा वर्मा, डी. पुरंदेश्वरी, वी. नरेंद्र भाई दोषी, लाल सिंह आर्या, एम. नागराज, तारिक मंसूर और मधुचंद्र कर शामिल हैं।
पीयूष गोयल बने राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष
नई राष्ट्रीय टीम में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें राजेश अग्रवाल की जगह पार्टी का राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। वहीं राजेश मंगल को सह-कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी मिली है। संगठन के स्तर पर कुछ महत्वपूर्ण पदों में बदलाव नहीं किया गया है। अनिल बलूनी पहले की तरह पार्टी के मीडिया प्रभारी बने रहेंगे। वहीं बीएल संतोष राष्ट्रीय संगठन महासचिव के पद पर यथावत रहेंगे। इससे संगठन में निरंतरता बनाए रखने का संकेत माना जा रहा है।



सात महीने से चल रहा था टीम का इंतजार
नितिन नबीन के भाजपा अध्यक्ष बनने के बाद से ही उनकी राष्ट्रीय टीम के गठन को लेकर लगातार चर्चा थी। करीब सात महीने बाद पार्टी ने नई टीम की घोषणा की है। नई टीम में अनुभव और संगठनात्मक क्षमता के साथ अलग-अलग राज्यों के नेताओं को प्रतिनिधित्व देने की कोशिश की गई है। पार्टी के सामने अगले कुछ वर्षों में कई महत्वपूर्ण चुनावी चुनौतियां हैं। ऐसे में राष्ट्रीय संगठन में नई नियुक्तियों को भाजपा की आगामी रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।
2027 यूपी चुनाव पर नजर
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम का गठन ऐसे समय हुआ है, जब पार्टी 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों को गति देने में जुटी है। उत्तर प्रदेश भाजपा के लिए राजनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण राज्य है। ऐसे में राष्ट्रीय संगठन में किए गए बदलावों के जरिए पार्टी चुनावी रणनीति, संगठन विस्तार और राज्यों में समन्वय को मजबूत करना चाहती है। नई टीम के सामने संगठन को मजबूत करने के साथ आगामी चुनावों के लिए कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने की चुनौती होगी। खास तौर पर उत्तर प्रदेश के अलावा उन राज्यों पर भी पार्टी का ध्यान रहेगा, जहां आने वाले समय में विधानसभा चुनाव होने हैं।


