सेलम इस्पात संयंत्र मामले में मोदी करें हस्तक्षेप: पलानीसामी
पलानीसामी ने आज नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया कि सेलम इस्पात संयंत्र के निजीकरण के मुद्दे पर दखल देने के साथ इस्पात मंत्रालय और सेल के इस प्रस्ताव पर पुनर्विचार करने के लिए निर्देश देने का अनुरोध किया
चेन्नई। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री इडापड्डी के पलानीसामी ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया कि सेलम इस्पात संयंत्र के निजीकरण के मुद्दे पर दखल देने के साथ इस्पात मंत्रालय और भारतीय इस्पात प्राधिकरण लिमिटेड (सेल) के इस प्रस्ताव पर पुनर्विचार करने के लिए निर्देश देने का अनुरोध किया।
मोदी को लिखे पत्र मुख्यमंत्री ने कहा , “ मैं आपका ध्यान इस ओर आकृष्ट करने के लिए लिख रहा हूं कि हाल ही में मीडिया रिपोर्टों में यह बात सामने आयी थी कि भारत सरकार देश के अन्य इस्पात संयंत्रों के साथ तमिलनाडु की सेलम इस्पात संयंत्र का निजीकरण करने पर विचार कर रही है।
” उन्होंने कहा कि खबरों के मुताबिक निजीकरण का प्रस्ताव सेल की आर्थिक स्थित को मजबूत करने के लिए है। उन्होंने कहा कि सेलम इस्पात संयंत्र का उच्च गुणवत्ता के इस्पात को लेकर दुनिया भर में जाना जाता है।
यह राज्य का प्रतीक है और तमिलनाडु की जनता का इससे गहरा जुड़ाव है। पलानीसामी ने कहा कि आज सेलम इस्पात संयंत्र के निजीकरण के किसी भी प्रस्ताव से राज्य की जनता में असंतोष उत्पन्न होगा, विशेषकर जिनकी जमीन इसके लिए अधिग्रहित की गयी थी।
उन्होंने कहा कि सेलम इस्पात संयंत्र कम से कम 2000 लोगों को रोजगार मिला है और इसकी कई अनुषंगी और सहायक इकाईयां भी हैं। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों से विनिवेश या इसके निजीकरण के किसी भी प्रस्तावों से राज्य के लोगों में असंतोष उत्पन्न होगा।


