वर्धा-नागपुर मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, ट्रैवलर ने टिप्पर को मारी टक्कर, 17 यात्री घायल
महाराष्ट्र के वर्धा जिले में शनिवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसे में टेम्पो ट्रैवलर और टिप्पर की जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में ट्रैवलर में सवार 17 यात्री घायल हो गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। दुर्घटना सेलू-वर्धा मार्ग पर रमणा फाटे के पास दोपहर करीब 2 बजे हुई।

वर्धा। महाराष्ट्र के वर्धा जिले में शनिवार दोपहर एक दर्दनाक सड़क हादसे में टेम्पो ट्रैवलर और टिप्पर की जोरदार टक्कर हो गई। हादसे में ट्रैवलर में सवार 17 यात्री घायल हो गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। कई घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। दुर्घटना सेलू-वर्धा मार्ग पर रमणा फाटे के पास दोपहर करीब 2 बजे हुई।
जानकारी के अनुसार, टेम्पो ट्रैवलर नागपुर से श्रद्धालुओं को लेकर नासिक दर्शन के लिए जा रहा था। इसी दौरान रमणा फाटे के पास वर्धा की ओर मुड़ रहे एक टिप्पर को ट्रैवलर ने पीछे से जोरदार टक्कर मार दी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टिप्पर पर नंबर प्लेट नहीं लगी थी और ट्रैवलर चालक को समय रहते उसके मुड़ने का अंदाजा नहीं लग सका।
टक्कर इतनी भीषण थी कि ट्रैवलर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। चालक की तरफ का हिस्सा बुरी तरह दब गया, जिससे चालक केबिन में फंस गया। हादसे के बाद स्थानीय नागरिक सहायता के लिए मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य शुरू किया।
स्थानीय लोगों और बचाव दल को चालक को बाहर निकालने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। लगभग एक घंटे के प्रयास के बाद चालक को सुरक्षित बाहर निकाला गया और अस्पताल पहुंचाया गया।
दुर्घटना में ट्रैवलर में सवार सभी यात्री घायल हो गए। घायलों में महिलाएं और छोटे बच्चे भी शामिल हैं। सभी घायलों को तत्काल उपचार के लिए सेवाग्राम अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि वर्धा-नागपुर महामार्ग पर स्थित रमणा फाटा लगातार सड़क दुर्घटनाओं का केंद्र बनता जा रहा है। यह स्थान अब एक खतरनाक ब्लैक स्पॉट के रूप में पहचाना जाने लगा है।
लोगों के अनुसार, यहां मौजूद क्रॉसिंग पर सड़क पार करने वाले वाहनों को सामने से आ रहे तेज रफ्तार वाहन अंतिम समय तक दिखाई नहीं देते, जिससे गंभीर हादसे हो जाते हैं। इसके अलावा, पर्याप्त चेतावनी बोर्ड, गति सीमा संकेतक और सुरक्षा उपायों की कमी भी दुर्घटनाओं का बड़ा कारण मानी जा रही है।
लोगों ने प्रशासन से रमणा फाटे पर तत्काल चेतावनी संकेतक लगाने, वाहनों की गति नियंत्रित करने के उपाय करने और सुरक्षित क्रॉसिंग व्यवस्था विकसित करने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में और भी बड़े हादसे हो सकते हैं।


