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मानसिक तौर पर बीमार थी ट्विशा? पूछताछ में समर्थ का दावा- अंतिम दिन भी साथ में खाना खाया और वॉक पर गए

पूछताछ में समर्थ सिंह ने दावा किया कि घटना वाले दिन दोनों के बीच कोई तनाव नहीं था। उसके अनुसार, वह और ट्विशा रोज की तरह साथ में जिम गए, खाना खाया और बाद में टहलने भी निकले थे।

मानसिक तौर पर बीमार थी ट्विशा? पूछताछ में समर्थ का दावा- अंतिम दिन भी साथ में खाना खाया और वॉक पर गए
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भोपाल: Twisha Sharma Death Case: मॉडल ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत मामले में पुलिस जांच लगातार गहराती जा रही है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी पति समर्थ सिंह से हुई लंबी पूछताछ में कई नए दावे और विवादित बातें सामने आई हैं। समर्थ ने खुद को निर्दोष बताते हुए ट्विशा की मानसिक स्थिति, गर्भपात और वैवाहिक विवादों को लेकर कई सफाइयां दी हैं। वहीं दूसरी ओर, ट्विशा के व्हाट्सएप चैट और परिवार के आरोप समर्थ के बयानों से अलग तस्वीर पेश कर रहे हैं। अब पुलिस डिजिटल साक्ष्यों, मेडिकल रिकॉर्ड और डिलीट किए गए डेटा की जांच के जरिए मामले की सच्चाई तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।

घटना वाले दिन सब सामान्य होने का दावा

पूछताछ में समर्थ सिंह ने दावा किया कि घटना वाले दिन दोनों के बीच कोई तनाव नहीं था। उसके अनुसार, वह और ट्विशा रोज की तरह साथ में जिम गए, खाना खाया और बाद में टहलने भी निकले थे। समर्थ का कहना है कि उस दिन किसी प्रकार का झगड़ा या असामान्य स्थिति नहीं थी। हालांकि पुलिस इन दावों की पुष्टि के लिए सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है।

गर्भपात को लेकर अलग-अलग दावे

मामले में सबसे ज्यादा सवाल ट्विशा के गर्भपात को लेकर उठ रहे हैं। समर्थ ने पुलिस को बताया कि गर्भपात ट्विशा की इच्छा और डॉक्टर की सलाह पर कराया गया था। उसके मुताबिक दोनों साथ में डॉक्टर के पास गए थे और मेडिकल सलाह के बाद दवाइयों के जरिए प्रक्रिया पूरी की गई। समर्थ ने यह भी दावा किया कि वह खुद पिता बनना चाहता था, लेकिन ट्विशा बच्चा नहीं चाहती थी। दूसरी ओर, पुलिस को मिले व्हाट्सएप चैट इस कहानी से अलग संकेत दे रहे हैं। जांच में सामने आया कि समर्थ ने ट्विशा की प्रेग्नेंसी पर सवाल उठाए थे और कथित तौर पर उससे पूछा था कि “यह बच्चा किसका है?” ट्विशा के परिवार का आरोप है कि प्रेग्नेंसी के दौरान उस पर दबाव बनाया गया और उसका वजन जबरन कम कराया गया। पुलिस अब मेडिकल रिकॉर्ड और डॉक्टरों से मिली जानकारी का मिलान कर रही है।

डिलीट चैट्स से बढ़ा शक

जांच में एक अहम पहलू मोबाइल डेटा से जुड़ा हुआ है। पुलिस के अनुसार समर्थ ने अपने फोन से ट्विशा और उसके परिवार के साथ हुई कई बातचीत डिलीट कर दी हैं। अब साइबर और तकनीकी टीम इन चैट्स को रिकवर करने में जुटी है। जांच एजेंसियों का मानना है कि इन संदेशों से दंपती के रिश्तों और विवादों की असली स्थिति सामने आ सकती है।

नौकरी छोड़ने को लेकर भी विवाद

ट्विशा ने अपने परिवार को बताया था कि शादी के बाद उसकी नौकरी छुड़वा दी गई थी और उसे ऑनलाइन काम करने की भी अनुमति नहीं दी जाती थी। हालांकि समर्थ ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ट्विशा ने अपनी इच्छा से नौकरी छोड़ी थी ताकि दोनों अधिक समय साथ बिता सकें। पुलिस अब इस दावे की भी जांच कर रही है कि क्या नौकरी छोड़ना वास्तव में स्वैच्छिक था या उस पर किसी तरह का दबाव बनाया गया था।

मार्च के बाद बढ़े रिश्तों में तनाव

पूछताछ में समर्थ ने माना कि शादी के बाद दोनों के बीच कई बार झगड़े हुए थे और ट्विशा कई बार मायके भी गई थी। हालांकि उसने यह दावा किया कि उसने कभी ट्विशा पर हाथ नहीं उठाया। समर्थ के अनुसार मार्च महीने तक दोनों के संबंध सामान्य थे, लेकिन ट्विशा के भाई की शादी के बाद विवाद ज्यादा बढ़ने लगे। उसने बताया कि उसकी मां गिरिबाला अक्सर दोनों के बीच सुलह कराने की कोशिश करती थीं। वहीं ट्विशा का आरोप था कि उसकी सास हमेशा अपने बेटे का पक्ष लेती थीं और उसकी बातों को नजरअंदाज किया जाता था।

मानसिक बीमारी और दवाइयों को लेकर सवाल

पुलिस ने समर्थ से यह भी पूछा कि शादी के कुछ महीनों के भीतर ही ट्विशा को मनोचिकित्सक के पास क्यों ले जाया गया। इस पर समर्थ ने दावा किया कि ट्विशा के व्यवहार में अचानक बदलाव आने लगे थे, जिसके बाद डॉक्टर से सलाह ली गई। उसके मुताबिक डॉक्टर ने ट्विशा को “एडजस्टमेंट डिसऑर्डर” से पीड़ित बताया था। समर्थ ने यह भी कहा कि ट्विशा को दी जाने वाली नींद की गोलियां डॉक्टर की सलाह पर तनाव कम करने के लिए दी जा रही थीं। अब पुलिस इन दावों की पुष्टि के लिए मेडिकल रिपोर्ट, प्रिस्क्रिप्शन और डॉक्टरों से पूछताछ कर रही है।

जांच का फोकस डिजिटल और मेडिकल साक्ष्यों पर

फिलहाल पुलिस समर्थ सिंह के सभी बयानों का डिजिटल सबूतों, चैट रिकॉर्ड, कॉल डिटेल और मेडिकल दस्तावेजों से मिलान कर रही है। जांच एजेंसियों का मानना है कि तकनीकी साक्ष्य इस मामले की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकते हैं। ट्विशा शर्मा की मौत के पीछे आत्महत्या, मानसिक प्रताड़ना या किसी साजिश की संभावना—इन सभी पहलुओं पर जांच जारी है। अब पुलिस की अगली रिपोर्ट और फॉरेंसिक विश्लेषण से मामले की दिशा और स्पष्ट होने की उम्मीद है।


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