Top
Begin typing your search above and press return to search.

कर्नाटक के हुबली में मां ने मोबाइल छीना तो बेटे ने की खुदकुशी, पुलिस की सभी माता पिता को दी सलाह

उत्तरी कर्नाटक में हुबली शहर के उदय नगर इलाके में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। 14 साल के एक लड़के ने अपनी मां द्वारा मोबाइल फोन देने से इनकार करने पर खुदकुशी कर ली।

कर्नाटक के हुबली में मां ने मोबाइल छीना तो बेटे ने की खुदकुशी, पुलिस की सभी माता पिता को दी सलाह
X

हुबली। उत्तरी कर्नाटक में हुबली शहर के उदय नगर इलाके में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। 14 साल के एक लड़के ने अपनी मां द्वारा मोबाइल फोन देने से इनकार करने पर खुदकुशी कर ली।

पुलिस के अनुसार, लड़के को मोबाइल फोन की लत लग गई थी। वह पिछले कई दिनों से लगातार एक ऑनलाइन गेम खेल रहा था। गुरुवार रात को उसकी मां ने उसके ज्यादा मोबाइल इस्तेमाल करने पर आपत्ति जताई और उसे डांटा। मां ने कहा कि अब फोन पर ध्यान बंद करो और पढ़ाई पर ध्यान दो। इसके बाद उन्होंने उसका मोबाइल छीन लिया।

इस बात से आहत होकर लड़का अपने कमरे में चला गया और अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। जब लगभग 20 मिनट तक वह नहीं निकला, तो उसके पिता ने खिड़की से झांककर देखा। उन्हें लड़का अपनी मां की साड़ी से फंदा बनाकर लटका हुआ मिला।

माता-पिता ने तुरंत दरवाजा तोड़कर लड़के को अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले पर हुबली-धारवाड़ पुलिस कमिश्नर एन. शशिधर ने कहा, “मां ने मोबाइल की लत पर आपत्ति जताई और फोन ले लिया। इसके तुरंत बाद लड़के ने खुद को कमरे में बंद कर लिया और कुछ देर बाद साड़ी का इस्तेमाल करके फांसी लगा ली।”

पुलिस कमिश्नर ने माता-पिता को चेतावनी देते हुए कहा कि जिन बच्चों को मोबाइल फोन की लत लग चुकी हो, उनसे अचानक फोन छीनने से बचना चाहिए। केशवापुरा पुलिस ने इस मामले में मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है।

उन्होंने कहा, “यह एक बहुत दुखद घटना है। मोबाइल इस्तेमाल करने से मना करने पर बच्चों द्वारा इतना बड़ा कदम उठाना बेहद चिंता का विषय है। साथ ही माता-पिता की भी कुछ जिम्मेदारियां होती हैं।”

उन्होंने कहा, “बच्चे रातोंरात मोबाइल फोन और गेमिंग के आदी नहीं हो जाते। हमने देखा है कि कई माता-पिता बच्चों को चुप कराने के लिए उनके हाथ में मोबाइल फोन थमा देते हैं। कई बार खाना खिलाते समय या पढ़ाई करने के लिए कहते समय वे उन्हें एक घंटे या उससे ज्यादा समय तक मोबाइल इस्तेमाल करने की इजाजत दे देते हैं।”

उन्होंने आगे कहा, “बच्चे भी अक्सर माता-पिता पर भावनात्मक दबाव डालते हैं। इसके नतीजे को समझे बिना माता-पिता अचानक बच्चों से फोन छीन लेते हैं। अगर बच्चे की लत बहुत ज्यादा हो गई हो, तो अचानक फोन छीनने की बजाय मनोवैज्ञानिक या डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए। मोबाइल का इस्तेमाल धीरे-धीरे कम करना ज्यादा बेहतर होता है।”

उन्होंने कहा, “मैं सभी माता-पिता से अपील करता हूं कि मोबाइल फोन की लत बहुत नुकसानदायक है। ऐसे बहुत कम उदाहरण मिलते हैं, जहां किसी व्यक्ति ने मोबाइल का बहुत ज्यादा इस्तेमाल करके जीवन में बड़ी सफलता हासिल की हो।”

उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन का सही तरीके से इस्तेमाल भी किया जा सकता है। यूट्यूब और ऑनलाइन कोर्स के जरिए अंग्रेजी, व्याकरण और दूसरे कौशल सीखे जा सकते हैं। 10वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा में 625 में से 625 अंक लाने वाले कई छात्रों ने बताया है कि उन्होंने मोबाइल जैसी भटकाने वाली चीजों से खुद को दूर रखा था।

उन्होंने यह भी जोर दिया कि माता-पिता और छात्र, दोनों को इस बात पर ध्यान देना चाहिए। बच्चों की सही परवरिश के लिए माता-पिता को जागरूक और सतर्क रहना जरूरी है।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Share it