जगन सरकार कोरोना महामारी को ‘हल्के में’ ले रही है : नायडू
आंध्र प्रदेश विधानसभा में विपक्ष के नेता एन चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि राज्य सरकार कोरोना वायरस के लगातार बढ़ते मामलों के बावजूद अभी भी इस महामारी को ‘हल्के में’ ले रही है

विजयवाड़ा। आंध्र प्रदेश विधानसभा में विपक्ष के नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने बुधवार को कहा कि यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि राज्य सरकार कोरोना वायरस (कोविड-19) के लगातार बढ़ते मामलों के बावजूद अभी भी इस महामारी को ‘हल्के में’ ले रही है।
श्री नायडू ने आरोप लगाया कि आज कैबिनेट की हुई बैठक में महामारी की स्थिति की समीक्षा भी नहीं की गई जबकि राज्य में प्रतिदिन कोरोना वायरस के करीब 10,000 मामले सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश में आज भी 9,800 मामले दर्ज किये गये।
तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने विशाखापत्तनम में पार्टी के नेताओं के साथ ऑनलाइन बैठक को संबांधित करते हुये कहा, “सरकार लोगों के स्वास्थ के प्रति गैरजिम्मेदाराना व्यवहार कर रही है। आंध्र प्रदेश में मौजुदा हालात यह दिखा रहा है कि अगर गैरजिम्मेदार शाासक को चुन लिया जाये तो एक अच्छा राज्य किस तरह से तबाही की स्थिति में पहुंच जाता है।”
श्री नायडू ने आरोप लगाया कि सरकार की लापरवाही ने सबसे अधिक नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा मुख्यमंत्री वाई एस जगनमोहन रेड्डी सार्वजनिक स्थल पर मास्क नहीं पहनकर लोगों के बीच यह गलत संदेश दे रहे हैं कि महामारी से बचने के लिए कोई उपाय करने की जरूरत नहीं है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, “मुख्यमंत्री ने महामारी की शुरुआत से अभी तक कोरोना वायरस को लेकर एक भी संवाददाता सम्मेलन को संबोधित नहीं किया है। पूरी दुनिया बात कर रही है कि जागरूकता महत्वपूर्ण है लेकिन राज्य में कहीं भी ऐसा कुछ उपाय नहीं किया जा रहा है।”


